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नॉर्मल है सेक्स के बाद ऐसा होना


नॉर्मल है सेक्स के बाद ऐसा होना

सेक्स केवल दो शरीर नहीं, बल्कि दो व्यक्तियों के भावनात्मक रूप से एक होने को कहा जाता है. यही वजह है कि ऑर्गैज़्म के बाद हम केवल शारीरिक रूप से ही संतुष्टि नहीं महसूस करते, बल्कि अंदर तक ख़ुशी भर जाती है. यानी अंतरंग पलों के दौरान हमारे तन और मन में अनेकों बदलाव आते हैं. जहां सेक्स के बाद हमें सुकून का एहसास होता है, वहीं कभी-कभी कुछ ऐसा भी फ़ील होता है, जो अजीब लग सकता है. यहां हम बात करने जा रहे उन फ़ीलिंग्स की, जो भले ही आपको एब्नॉर्मल लगें, पर हैं बिल्कुल नॉर्मल.


अचानक नींद तारी हो जाती है
अगर आपको भी सेक्स के बाद नींद आती है, तो आप दुनिया में अकेले नहीं हैं. संतुष्टि का अनुभव और थकान जैसे नींद आने के कुछ वैलिड कारण हैं. दरअस्ल, जब हम सेक्स करते हैं तब पूरे शरीर का एक तरह से व्यायाम हो जाता है. आप उतना ही थका हुआ महसूस करते हैं, जितना थकान कार्डियो या पांच-सात किलोमीटर की दौड़ के बाद करते हैं. इस थकान के चलते आपको नींद आ जाती है. इसके अलावा ऑर्गैज़्म के दौरान रिलीज़ होनेवाले न्यूरोकेमिकल्स भी नींद लाने के लिए ज़िम्मेदार होते हैं. ‍जब हम एक्साइटेड होते हैं तब शरीर दूसरे हॉर्मोन्स के साथ-साथ एन्डॉर्फ़िन भी रिलीज़ करता है. नैचुरल पेन-किलर कहा जानेवाला यह हॉर्मोन हमें तुरंत नींद की गोद में पहुंचा देता है.

प्राइवेट पार्ट्स में इचिंग सेंसेशन महसूस होता है
सेक्स के बाद प्राइवेट पार्ट्स में इचिंग को आमतौर पर सामान्य माना जाता है. ऐसा इसलिए भी होता है, क्योंकि इंटरकोर्स के दौरान वहां की त्वचा में घर्षण होता है. इसके चलते इरिटेशन और खुजली हो सकती है. कई बार आस-पास की त्वचा लाल हो जाती है और रैशेज़ भी आ जाते हैं. किसी-किसी को लूब्रिकेंट्स और लैटेक्स कॉन्डम्स से एलर्जी के चलते भी इस तरह के इरिटेशन और इचिंग से दो-चार होना पड़ता है. वैसे तो ज़्यादातर मामलों में कुछ समय बाद सब कुछ सामान्य हो जाता है, अगर आपको कुछ समय बाद राहत न मिले तो डॉक्टर से ज़रूर‌ मिलें. 
शरीर के निचले हिस्से से अजीब-सी गंध आती है
गंध यानी महक के बारे में यह कहा जाता है कि मूड बनाने और बिगाड़ने में इसका सबसे बड़ा हाथ होता है. आपने महसूस किया होगा कि सेक्स के बाद एक अजीब-सी गंध आती है. अक्सर जब हम उत्तेजित होते हैं, तब शरीर से आनेवाली अप्रिय गंध को इग्नोर कर देते हैं, लेकिन जैसे ही ऑर्गैज़्म के बाद शरीर सामान्य होता है इस गंध को लेकर असामान्य प्रतिक्रिया देने लगते हैं. यह गंध महिलाओं के वेजाइनल सिक्रीशन और पुरुषों के सीमन के मेल के कारण आती है. वेजाइनल सिक्रीशन का पीएच लो होता है और सीमन का हाई. जब दोनों मिलते हैं और उनका केमिकल रिऐक्शन होता है, तो एक नई ही गंध पैदा होती है. मामले को और बिगाड़ने का काम करता है जेनाइटल्स के पास का पसीना. इन सभी के मेल से एक अप्रिय गंध निर्मित होती है. वैसे तो यह गंध एक सामान्य प्रक्रिया के केमिकल रिऐक्शन का परिणाम है. इसकी गंध अप्रिय भले हो, पर बर्दाश्त के बाहर हो, ऐसा नहीं होता. यदि आपका मामला थोड़ा अलग हो तो अपने डॉक्टर के पास जाने में देर न करें.
इंटरकोर्स के बाद महिलाओं को सीमन लीक होने जैसी फ़ीलिंग आती है 
आमतौर पर जब सेक्स के दौरान पुरुष पार्टनर कॉन्डम का इस्तेमाल नहीं करता, तब इंटरकोर्स के बाद महिलाओं को ऐसा महसूस होता है कि उनकी वेजाइना से सीमन लीक हो रहा है. ऐसा होना भी बिल्कुल सामान्य है. पुरुष का सीमन वेजाइना में डिस्चार्ज होने के बाद उसको जाने के लिए कोई दूसरी जगह तो है नहीं. आपका शरीर तो उसे एब्जॉर्ब नहीं करनेवाला. स्वाभाविक है, थोड़ा-बहुत सीमन तो लीक होगा ही. यदि आपको सीमन का लीक होना अजीब और असहज करने जैसा लगे तो सेक्स के बाद यूरिनेट कर लें और जेनाइटल को अच्छे से साफ़ करें.

शरीर का कई हिस्सा लाल हो जाता है
सेक्स के बाद चेहरे, ब्रेस्ट और शरीर के दूसरे हिस्से पर लाल या गुलाबी पैचेज़ आना असामान्य नहीं है. इसका कारण सेक्स की उत्तेजना से जुड़ा है. आपने महसूस किया होगा कि इस तरह के ‌पैचेज़ ऑर्गैज़्म के बाद ही आते हैं. दरअस्ल, जब शरीर पूरी तरह से उत्ते जित होता है, तब शरीर के कई हिस्सों में ब्लड फ़्लो बढ़ जाता है. यही बढ़ा हुआ ब्लड फ़्लो ऑर्गैज़्म के बाद शरीर के सामान्य अवस्था में आने के तुरंत बाद लाल या पिंक पैचेज़ का कारण बनता है. अधिकतर केसेस में ये पैचेज़ कुछ ही मिनटों या बहुत हुआ तो कुछ घंटों में चले जाते हैं.

सेक्स के बाद पार्टनर से जुड़ाव बढ़ जाता है
अंतरंग पलों के बाद आनेवाले बदलावों में इसे सबसे सकारात्मक माना जाता है. ऑर्गैज़्म के बाद ज़्यादातर लोग अपने पार्टनर से पहले की तुलना में अधिक जुड़ाव का अनुभव करते हैं. इस जुड़ाव का संबंध ऑर्गैज़्म के दौरान सिक्रीट होनेवाले लव हॉर्मोन ऑक्सिटोसिन से है. जब शरीर सेक्स के चरम पर पहुंचता है, तब काफ़ी मात्रा में ऑक्सिटोसिन ‌रिलीज़ होता है. ऑक्सिटोसिन भरोसा और नज़दीकी बढ़ानेवाला हॉर्मोन माना जाता है. इस हॉर्मोन के प्रभाव में पार्टनर्स अपनी भावनाएं एक-दूसरे से शेयर करते हैं, जो अल्टिमेटली उनके जुड़ाव का कारण बनती हैं.

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