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ब्रेस्टफीडिंग


नई मां इन 8 चीजों की मदद से आसानी से करा सकती है ब्रेस्टफीडिंग
क्‍या आप भी ब्रेस्‍टफीडिंग के दौरान निप्‍पल्स में ड्राईनेस, ब्रेस्‍ट के बहने और कंधों में दर्द से परेशान हैं? तो ये 8 चीजें ब्रेस्टफीडिंग आसान बनायेगी। 


मां का दूध शिशु के लिए सबसे अच्‍छा आहार है,
और शिशु को आहार देने का सबसे हेल्‍दी तरीका भी। 
जी हां ब्रेस्‍ट मिल्‍क एक संपूर्ण आहार है जिसमें बच्‍चे की जरूरत के सभी पोषक तत्‍व उचित मात्रा में पाए जाते है। इन्हे शिशु आसानी से हजम कर लेता है। मां के दूध में मौजूद प्रोटीन और फैट गाय के दूध की तुलना में भी अधिक आसानी से पच जाता है। इससे शिशु के पेट में गैस, कब्ज, दस्त आदि की समस्‍या नहीं होती है और बच्‍चे की दूध उलटने की संभावना भी बहुत कम होती है।


एक ओर बात पता नहीं आप जानती हैं कि नहीं लेकिन हम आपको बता देते हैं कि जैसे-जैसे शिशु बढ़ता और विकसित होता है, तो उसकी जरुरत के अनुसार मां के दूध की पौष्टिक मात्रा भी व्यवस्थित होती जाती है। अपने शिशु को विशेषकर छह महीनों तक सिर्फ ब्रेस्टफीडिंग करवाना उनकी हेल्‍थ के लिए बहुत अच्छा होता है। यह शिशु के मानसिक विकास के लिए भी बहुत अच्‍छा होता है इसलिए ब्रेस्‍टफीडिंग शिशु को बुद्धिमान भी बना सकता है।

जिन शिशुओं को जन्म से ब्रेस्‍टफीडिंग कराई जाती है, उनके बीमार पड़ने की संभावना बहुत कम होती है। ब्रेस्‍टफीडिंग से आप अपने शिशु को कई बीमारियां जैसे पेट की समस्‍या, निमोनिया और कान के इंफेक्‍शन से बचाव में मदद मिलती है। ब्रेस्‍टफीडिंग के कितने फायदे हैं यह तो हम जान ही गई लेकिन नई मांओं को पहली बार ब्रेस्‍टफीडिंग करवाने में बहुत सारी समस्‍याओं का सामना करना पड़ता है।

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अगर कोई महिला पहली बार मां बनी है तो यकीनन उसे ब्रेस्‍टफीडिंग कराने के बारे में कोई जानकारी नहीं होगी। हालांकि ब्रेस्‍टफीडिंग करवाते समय, किन-किन चीजों की जरुरत पड़ सकती है, इन चीजों की जानकारी के लिए मां डॉक्टर या अपनी किसी अनुभवी महिला से जानकारी प्राप्त कर सकती हैं। लेकिन कुछ चीजों की मदद से आप ब्रेस्‍टफीडिंग को बहुत ही आसान बना सकती हैं। आइए जानें कौन सी हैं ये चीजें।
ब्रेस्ट पंप
शुरुआत में बच्चे को ब्रेस्‍टफीडिंग कराने में कठिनाई होती है या अगर आप वर्किंग मां हैं तो भी आपको ब्रेस्ट पंप की जरूरत बहुत ज्‍यादा पड़ सकती है। इसकी हेल्‍प से मां दूध निकाल कर बोतल में रख सकती हैं जिससे शिशु आसानी से पी सकें। लेकिन इस बात का खास ख्याल रखें कि अगर दूध कमरे के तापमान पर है तो 2 घंटे के अंदर-अंदर दूध पिला दें या अगर दूध फ्रिज में रखा हुआ है तो उसे तुरंत निकाल कर सीधे गैस या माइक्रोवेव में गर्म ना करें। इससे दूध के पौष्टिक तत्‍व नष्ट हो जाते हैं। जाएगा। 
नर्सिंग ब्रा

आरामदायक तरीके से ब्रेस्‍टफीडिंग कराने के लिए, नर्सिंग ब्रा खरीदना सबसे जरुरी है। मां के पास कम से कम ऐसी दो ब्रा होनी चाहिए। ये ब्रा सामान्य से अधिक बड़ी ब्रेस्‍ट को एक्‍स्‍ट्रा सपोर्ट देने में हेल्‍प करती हैं। इनमें हुक या जिप लगी होती है, जिसे ब्रेस्‍टफीडिंग करवाते समय आसानी से खोला जा सकता हैं। एंजेलीना जोली और जेसिका अल्बा जैसी हस्तियां अपनी deliveries के बाद कुछ महीनों के दौरान नर्सिंग ब्रा पहनती थी।

Breast milk storage bags ब्रेस्‍ट मिल्‍क को स्‍टोर करने का बहुत अच्‍छा तरीका है। इसकी मदद से आप अपने शिशु को आसानी से और सुविधाजनक तरीके से दूध पिला सकती हैं। 

ब्रेस्ट पैड

ब्रेस्ट पैड को ब्रा के अंदर रखा जाता है। यह उन महिलाओं के लिए फायदेमंद होता है जिनकी ब्रेस्‍ट हर समय लीक होती रहती हैं। इसका प्रयोग करने से कपड़ों पर दूध के दाग नहीं लगते हैं। बाजार में डिस्पोजेबल ब्रेस्‍ट पैड या धोकर दोबारा इस्‍तेमाल होने वाले, ब्रेस्ट पैड मिलते हैं। अगर यह भीग जाए तो इसे निकाल देना चाहिए, नहीं तो इससे स्किन में जलन या इंफेक्‍शन होने का खतरा होता है। 
Nipple shield और hydro gel pads

Nipple shield निप्पल में दर्द, फटने और निप्पल के सूखने जैसी समस्या में बहुत मददगार होती है। और Hydro gel pads sore और sensitive nipples के लिए होते है। तो अगली बार आपको ऐसा कुछ भी महसूस हो तो तुरंत इन्‍हें इस्‍तेमाल करें।

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Nursing pillow

Nursing pillow की हेल्‍प से मां को सही तरीके से बैठने और बाजुओं में होने वाले दर्द से बचाता है लेकिन अगर आपके बच्‍चे का वजन ज्‍यादा है तो इसे इस्‍तेमाल से आसानी हो जाती है। इससे पीठ पर कम प्रेशर के साथ-साथ ब्रेस्‍टफीडिंग का अनुभव बेहतर होता है। कई मां ब्रेस्‍टफीडिंग करवाते समय तकिये का इस्‍तेमाल करती हैं। इसलिए जरुरी है कि अगर मां ब्रेस्‍टफीडिंग करवाने जा रही है तो एक मुलायम तकिया अपने पास रखें। लेकिन ध्‍यान रखें कि इसके ऊपर साफ कपड़ा होना चाहिए और कपडा सूती ही होना चाहिए ताकि बच्चे को किसी प्रकार की कोई एलर्जी ना हो।

Nursing wrap
Nursing wrap पब्लिक में शिशु को आरामदायक तरीके से ब्रेस्‍टफीडिंग करवाने के लिए किसी वरदान की तरह हैं। इसलिए जब भी मां अपने बच्चे को ब्रेस्‍टफीडिंग करवाए तो उसे एक पतले कपडे से ढक दें। ताकी शिशु आराम से दूध पी सकें।


डायपर बैग

जो बच्चे ब्रेस्‍टफीडिंग करते हैं, उन बच्चों की नैप्पी बदलने की जरुरत जल्दी पड़ती है। इसलिए ब्रेस्‍टफीडिंग करवाते समय अपने पास डायपर बैग भी रखें। जिसमें निम्नलिखित चीजें होनी चाहिए-डायपर, वाइप्स, Ointment, टॉवल, बच्चे का कपड़ा। 

इन सभी चीजों के अलावा डॉक्‍टर का नम्बर भी अपने पास नोट करके रखें। ताकी जब भी कुछ जरुरत लगें तो आप एक्‍सपर्ट से संपर्क कर सकें।

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