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प्रोटीन सेहत के लिए बहुत लाभकारी है

प्रोटीन सेहत के लिए बहुत लाभकारी है

लाइफस्टाइल डेस्क। प्रोटीन सेहत के लिए बहुत लाभकारी है, प्रोटीन हड्डियों को मजबूत रखने का काम करता है शरीर में इसकी कमी होने पर बहुत सी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। शरीर में प्रोटीन की कमी के कारण हमारे शरीर में खून की कमी और थकवाट महसूस होने लगती है प्रोटीन हमारे शरीर में एनर्जी का काम करता है अगर आपके शरीर में प्रोटीन की कमी है तो इसके लक्षणों को पहचान कर आप शरीर में प्रोटीन की कमी का पता जल्दी लगा सकते हैं।
1. खून की कमी 
प्रोटीन की कमी होने पर शरीर में खून की कमी भी होनी शुरू हो जाती है। खून में सफेद रक्त कोशिकाओं का संख्या कम होने से रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने लगती है। इस तरह के लक्षण दिखाई दे तो समझ लें कि शरीर में प्रोटीन की कमी हो रही है। 
2. थकावट

प्रोटीन की कमी से शरीर में कमजोरी दिखने लगती है। पर्याप्त मात्रा में प्रोटीन न लेने से शारीरिक कमजोरी होने लगती है और इसका कारण रक्त में शर्करा के स्तर का कम होना है। जिससे थकावट पैदा होती है। प्रोटीन की कमी से बार-बार भूख भी महसूस होती है।
3. डल स्किन
हैल्दी स्किन के लिए भी प्रोटीन पर जरूरी है। इसकी कमी हो जाने पर स्किन डल हो जाती है,बाल झड़ने लगते हैं और नाखून भी कमजोर होने शुरू हो जाते हैं।
4. मांसपेशियों में दर्द

प्रोटीन का सेवन कम करने से मांसपेशियों में दर्द भी होना शुरू हो जाता है। इससे शरीर में लचीलापन कम होने लगता है और जोड़ों में अकड़ने होनी शुरू हो जाती है।

बढ़ते वजन से हैं परेशान तो घर बैठे अाजमाएं ये आसान से तरीके



वेट बढ़ने का विज्ञान बड़ा सीधा-साधा है। यदि आप खाने-पीने के रूप में जितनी कैलोरीज ले रहे हैं उतनी बर्न नहीं करेंगे तो आपका वेट बढ़ना तय है। दरअसल बची हुई कैलोरीज ही हमारे शरीर में फैट के रूप में इकठ्ठा हो जाती है और हमारा वज़न बढ़ जाता है।


आम-तौर पर वज़न बढ़ने के दो कारण होते हैं- 
खान-पान: वेट बढ़ने का सबसे प्रमुख कारण होता है हमारा खान-पान. यदि हमारे खाने में कैलोरी की मात्र अधिक होगी तो वज़न बढ़ने के चान्सेस ज्यादा हो जाते हैं। अधिक तला-भुना, फ़ास्ट फ़ूड, देशी घी, कोल्ड-ड्रिंक आदि पीने से शरीर में ज़रुरत से ज्यादा कैलोरीज इकठ्ठा हो जाती हैं।


इनएक्टिव होना: अगर आपकी दिनचर्या ऐसी है कि आपको ज्यादा हाथ-पाँव नहीं हिलाने पड़ते तो आपका वेट बढ़ना लगभग तय है। ख़ास तौर पर जो लोग घर में ही रहते हैं या दिन भर कुर्सी पर बैठ कर ही काम करते हैं। वज़न घटाने के लिए विभिन्न प्रकार की एक्सरसाइज होते है। लेकिन इस तथ्य से बिल्कुल इंकार नहीं किया जा सकता कि वज़न कम करने के लिए संतुलित आहार ज़रूरी भी उतना ही जरुरी होता है। इसके साथ ही तेज़ी से वज़न कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करते हैं डिटॉक्स ड्रिंक्स। ये ड्रिंक्स संतुलित खाने के बाद उसके पाचन में ये बेहद काम आते है। डिटॉक्स ड्रिंक्स शरीर से विषैले पदार्थों को बाहर निकालने का काम करने है। इसके साथ ही इससे आपका मेटाबॉलिज्म भी बेहतर रहता है। अगर आपका पाचन बेहतर रहेगा तो आप तय किए गए समय में वज़न को घटा सकते हैं।

दालचीनी का डिटॉक्स ड्रिंक- 
एक कंटेनर में गुनगुना पानी लीजिए और इसमें एक छोटी चम्मच दालचीनी का पाउडर डालिए. सोते वक्त इस डिटॉक्स ड्रिंक का सेवन रोज़ाना कीजिए आपको मनचाहा परिणाम दिखाई देने लगेगा। इससे आपका मेटाबॉलिज्म भी मज़बूत होता है साथ ही इसमें फैट को गलाने की ताकत भी होती है।


खीरे और पुदीने का डिटॉक्स ड्रिंक- 
एक गिलास पानी लीजिए औऱ उसमें कुछ खीरे के टुकड़े और पुदीने की पत्तियां डालिए। कुछ देर रखने के बाद इसका सेवन कीजिए। इस डिटॉक्स ड्रिंक का इस्तेमाल आप दिन भर कर सकते है। ये डिटॉक्स ड्रिंक न केवल शरीर से हानिकारक विषैले तत्वों को बाहर निकालता है, बल्कि खीरा और पुदीना पानी में डाले जाने के बाद अपने पोषक तत्वों को पानी में निकालते हैं।

नींबू और अदरक का डिटॉक्स ड्रिंक- 
1 गिलास गुनगुने पानी में आधा नींबू निचोड़कर उसमें 1 इंच के बराबर अदरक को ग्रेड कर लीजिए। इस ड्रिंक को सुबह दो गिलास रोज़ाना 2 महीने तक पीजिए आपको मनचाहा परिणाम दिखेगा। नींबू और अदरक के गुणों से बनाये जाने वाले इस पेय को सुबह खाली पेट पीना चाहिए। ये आपके शरीर को ताकत के साथ आपका मेटाबॉलिज्म भी दुरुस्त करता है।
अच्छी सेहत चाहिए तो अपनाएं इन 4 एरोबिक एक्सरसाइजों को

एरोबिक्स एक्सरसाइज जिसे कार्डिओ एक्सरसाइज भी कहा जाता है, स्वास्थ्य की दृष्टि काफी अच्छा होता है। एरोबिक्स एक्सरसाइज दिल के ऑक्सीजनयुक्त रक्त को पंप कर शरीर में ऑक्सीजन पहुंचाने का काम करता हैं। अगर आप सप्ताह में 150 मिनट एरोबिक एक्सरसाइज करते हैं तो आप हमेशा स्वस्थ्य रहेंगे। ऐसे ही कुछ एरोबिक्स एक्सरसाइज हैं जिन्हें आप थोड़ा समय देकर आसानी से कर सकते हैं। आइए आज हम आपको उन एक्सरसाइज के बारे में विस्तार से बताते हैं।


सीढ़िया चलना: - सीढ़ियां चढ़ने से लगभग पूरे शरीर का वर्कआउट होता है। आपके शरीर से जितनी कैलोरीज बर्न होती हैं उतनी जॉगिंग से भी नहीं होती हैं। अगर रोजाना आप 7 मिनट सीढ़ी चढ़ते हैं तो दिल की बीमारी की संभावना 60% तक कम हो जाती है। इसके अलावा रोजाना 2-3 मिनट सीढ़ियां चढ़ने से 30 की उम्र के बाद बढ़ने वाले मोटापे की संभावना बहुत हद तक कम हो जाती है। कोशिश करे की आप लिफ्ट की बजाए ज्यादातर सीढ़ियों का इस्तेमाल करें।


फ़ास्ट वॉकिंग:- काम के दौरान, लंच के समय या फोन पर बात करते हुए फास्ट वॉक करने से आप सिर्फ 10 मिनट में 90 से 110 कैलोरी बर्न कर सकते हैं। रोजाना 30 मिनट, तेज़ गति से चले और लगभग 300 से 400 तक कैलोरीज बर्न करें।


डांस:- डांसिंग भी एक बेहतरीन एरोबिक एक्सरसाइज है। डांस चा‍हे कैसा भी हो, वह स्वास्थ्य के लिए लाभकारी हैं। डांस के दौरान आप 300 से 400 तक कैलोरीज बर्न कर सकते हैं और साथ ही बॉडी को टोन कर शेप में ला सकते हैं।


स्किप्पिंग(रस्सी कूदना):- रस्‍सी कूदना सबसे आसान और बेहतर व्‍यायाम माना जाता है। रस्सी कूदने की खास बात यह है की इससे कही भी और कभी भी किया जा सकता है। कुछ ही मिनटों में आपके पुरे शरीर का व्यायाम हो जाता है साथ ही दिल स्वस्थ रहता है।




खाएं ये नेगेटिव कैलोरी फूड झट से करें मोटापा दूर



नई दिल्ली: मोटापे से परेशान लोग कुछ भी खाने से बहुत डरते हैं। ऐसे में नेगेटिव कैलोरी फूड आपकी परेशानी को काफी कम कर सकते हैं। ये वो फूड हैं जो आपके रोज के खाने में जरूरी होने चाहिए। इन्हें खा कर आपको ये गिल्ट नहीं होगा कि आपने कुछ गलत खाया है। यही नहीं इन्हें खाने से शरीर में जमा फैट तेजी कम होने लगता है। अगर आप वेट लूज करने के लिए स्ट्रगल कर रहे हैं तो आपके लिए एक्सरसाइज से अलग ये फूड बहुत काम आएंगे। लेकिन एक बात दिमाग में जरूर रखें कि केवल इस फूड के जिरये ही वेट कम नहीं हो सकता , इसके साथ एक्सरसाइज मस्ट होगी और साथ में एक हेल्दी डाइट लेना भी जरूरी होगा। तो आइए जानते हैं ये निगेटिव कैलोरी फूड्स है कौन से।


इन फूड्स में होती है नेगेटिव कैलोरी


1- एप्पल : एप्पल हाई फाइबर से भरा होता है और इसमें कैलोरी बहुत कम होती है। लेकिन बिना छिलके के साथ नहीं बल्कि छिलके के साथ इसे खाना चाहिए। 100 ग्राम सेब में केवल 50 कैलोरी होती। साथ ही इसमें पेक्टिन पाया जाता है जो बेहतर डाइजेशन के साथ ही वेट लॉस के लिए भी बहुत कारगर है। 
2-ब्रोकली : इसमें भी सबसे ज्यादा फाइबर और सबसे कम कैलोरी होती है और ये एंटीऑक्सीडेंट से भरा होता है। ये एक सुपरफूड है वेट लॉस प्रोग्राम के लिए। 
3-तरबूज : इसमें कैलोरी बहुत कम होती है। साथ ही हमारी बॉडी को डिटॉक्स करने का काम करता है जिससे हमारा इम्यून सिस्टम और मेटाबॉलिक रेट बेहतर होता है। नतीजन वेट कम होना शुरूहो जाता है। इसमें लाइकोपिन पाया जाता है जो दिल और ब्लड सर्कुलेशन के लिए भी बेहतर होता है। 
4- आलू : अगर आलू को भून कर या उबाल कर खाया जाए तो ये भी निगेटिव कैलोरी फूड की लिस्ट में आता है। एक आलू में केवल 58 केलोरी होती है। इससे खाने से पेट भी भरता है और कैलोरी भी कम मिलती है। आलू पोटेशियम और विटामिन बी-6और सी का गुड सोर्स हैं जो वेट लॉस में काम आता है। 
5- खीरा: इसमें 100 ग्राम में कुल 16 कैलोरीज होती हैं। आप इसे सलाद के रूप में जितना मन चाहे उतना खा सकते हैं। इसमें ढेर सारे मिनरल्‍स, विटामिन्‍स और एलेक्‍ट्रोलाइट्स होते हैं जो शरीर को हाइड्रेट करने में मदद करते हैं।
आप भी करते है बहुत ज्यादा प्यार, तो जाइये सवधान! बढ़ा सकता है आपका मोटापा

कहते है प्यार की दुनियां सबसे खूबसूरत होती हैं। इस खूबसूरत दुनियां आने के बाद जिंदगी का हर पल हसीन लगने लगता है। ऐसा कहा जाता है कि मनचाहा जीवनसाथी मिलने के बाद लाइफस्टाइल में कई सारे बदलाव आते हैं। पर वही ऐसा भी देखा गया है कि प्यार में पड़ने के बाद कपल्स मोटे होने लगते हैं। लेकिन क्या कभी आपने कभी ऐसा सोचा है कि रिलेशनशिप में पड़ने के बाद वजन भी बढ़ सकता है? अब तो ये बात साबित भी हो गयी है दरअसल स्टडी के मुताबिक, लड़का हो या लड़की प्यार में पड़ने के बाद दोनों का वजन बढ़ने लगता है। एक शोध के अनुसार जब कोई व्यक्ति रिलेशनशिप में पड़ता है तो उसका वजन बढ़ने लगता है। तो चलिए जानते है आखिर क्यूं प्यार के बाद मोटापे का असर देखने को मिलता हैं - .


* खुद पर ध्यान न देना - मिली जानकारी के अनुसार प्यार करने के बाद कपल्स में पार्टनर को इंम्प्रेस करने की भावना खत्म हो जाती है। इसके कारण वह लुक्स और खान-पान पर ध्यान देना छोड़ देते हैं, जिससे वजन बढ़ने लगता है।

* एक्सरसाइज न करना - ऐसा माना जाता है कि प्यार में पड़ने के बाद लोग अपने पार्टनर के साथ ज्यादा से ज्यादा वक्त गुजारने के बारे में सोचते हैं। इससे वह एक्सरसाइज या वर्कआउट की तरफ ध्यान नहीं देते और बदली हुई जीवनशैली वजन बढ़ने का अहम कारण है।


* खाने की आदतों में बदलाव - ये बात सामने आई है कि रिलेशनशिप में पड़ने के बाद कपल्स अपने खानपान को लेकर फिक्रमंद नहीं रहते। ऐसे में उन्हें कुछ भी मिल जाए वह खा लेते हैं। वहीं ऐसा नज़र आता है कि कई कपल्स स्ट्रीट और जंक फूड खाना भी पसंद करते हैं, जो हाई कैलोरी फूड होता है। अब ऐसे में वजन बढ़ना तो लाजमी है।


* नींद पूरी न होना - ये बात एकदम सच है कि पार्टनर से बात करने के लिए लोग देर रात तक जागते हैं और दिनभर का शेड्यूल भी व्यस्त होने लगता है। इस कारण से उन्हें पर्याप्त नींद नहीं मिल पाती, जिससे मेटाबॉलिज्म कम होने लगता है। इस वजह से वजन बढ़ने लगता है।

* हैप्पी हार्मोन का बढ़ना - मनचाहा जीवनसाथी मिलने के बाद लोगों की खुशी डबल हो जाती है। वही मिली जानकारी के अनुसार शरीर में हैप्पी हार्मोन ऑक्सीटोसिन और डोपामाइन निकलते हैं। इन हैप्पी हार्मोन से ज्यादा कैलोरी वाली चीजें खाने की इच्छा होती है, जो वजन बढ़ने का कारण बनती है।
लड़कियों को नहीं होती प्यार की कदर, भरपूर प्यार मिलने के बाद भी तोड़ जाती दिल



आजकल प्यार मोहब्बत सिर्फ कागजी पन्नो में ही खूबसूरत लगता है बहुत से कपल जो नए रिश्ते को पाकर बहुत खुश नजर आते हैं कुछ ही दिनों में उनका ब्रेकअप देखने को मिलता हैं, ब्रेकअप का कारण छोटी छोटी वजह हैं जो लड़कियों को बेवफा बनने पर मजबूर कर देती हैं।


* बहुत सी लड़कियों को अपनी लाइफ अपने तरह से जीना अच्छा लगता हैं इसलिए ज्यादा ख्याल रखने वाले लड़को से भी लड़कियां पीछा छुड़ाने के लिए ब्रेकअप कर लेती हैं।


* बहुत से लड़के प्यार में इस कदर डूब जाते हैं की अपनी बुरी अच्छी आदतों के अलावा पुरानी एक्स गर्ल्फ्रेंड के साथ रिश्ते और ब्रेकअप की वजह अपनी नयी महबूबा को बता देते हैं जिसके कारण बहुत सी लड़कियां सोचती हैं की यह लड़का वक्त आने पर मुझे भी छोड़ देगा यही वजह ब्रेकअप की बनती हैं।


* ज्यादा रोक-टोक और कानून नियम लगाने वाले लड़के भी लड़की के ब्रेकअप का शिकार हो जाते हैं।

* बहुत से लड़के जो अपने ही काम में मस्त रहते हुए गर्ल्फ्रेंड के मैसेजेस और कॉल का जवाब देना बंद कर देते हैं उनसे भी लड़कियां दूर चली जाती हैं।
शारीरिक संबंध बनाने के बाद महिलाओ के शरीर में आते है ये बड़े बदलाव



दोस्तों किसी भी जवान मर्द और औरत के लिए शारीरिक संबंध बनाना उतना ही ज़रूरी होता है जितना नियमित भोजन खाना.जो लोग प्रकृति की बनाई ये क्रिया नही करते है उनको मानसिक तनाव और कई अन्य तरह के विकार का सामना करना पड़ सकता है.जैसा कि आप भी जानते है संबंध बनाने के कई लाभ है और इसका शरीर पर सकारत्मक असर पड़ता है.आज हम इन्ही लाभों की यहाँ चर्चा करेंगे. मित्रो से क्स के बाद महिलाओं के शरीर में कई तरह के परिवर्तन आ जाते है। जिनमें वजन बढ़ना सबसे ज्यादा दिखता है। से क्स के बाद शरीर में होने वाले बदलावों के बारे में विस्तार से जानने के लिए ये पढ़ें।


1-वजन का बढ़ना 
एक अध्यन के अनुसार से क्स के बाद महिलाओं के शरीर में हार्मोनल बदलाव होने लगते हैं, जिसके कारण उनका वजन बढ़ने लगता है।आप ने देखा होगा अधिकतर लडकियां शादी के बाद मोटी हो जाती है. दरअसल से क्स करने की वजह से आपकी रक्त वाहिकाएं फैल जाती हैं और इससे स्तनों व कूल्हों के टिशूज का आकार बढ़ जाता है और वे पहले की तुलना में बड़े हो जाते है। हालांकि कुछ शोध में ये भी पता चला है कि से क्स के दौरान आप काफी कैलोरी उर्जा बर्न करते हैं। इसलिए वजन के बढ़ने के अन्य कारण भी हो सकते हैं।


2-मूड अच्छा करता है 
से क्स के कारण होने वाले हार्मोनल बदलाव महिलाओं के मूड को अच्छा कर देते हैं। एक अध्ययन के अनुसार जो लोग दो सप्ताह तक हर दिन से क्स करते हैं उनमें तनाव कम देखा जाता है। ऐसे लोगो को बीमारी भी कम होती है.उनका दिमाग सकारात्मक रूप से काम करने लगता है। साथ ही ये महिलाओं में आत्मविश्वास को भी बढ़ाता है।

3-आईक्यू में इजाफा 
इग्लैंड व मैरीलैंड की एक शोध के मुताबिक से क्स करने के बाद महिलाओं का आईक्यू पहले से बेहतर हो जाता है। जब वे पुरुषों के हार्मोन के संपर्क में आती हैं तो उनका दिमाग पहले से ज्यादा क्रियाशील हो जाता है। दिमाग के कार्य करने की क्षमता में इजाफा होता है और नए न्यूरॉन्स व ब्रेन सेल्स का उत्पादन होता है।
इन ऑर्गैज्म फायदों के बारे में नहीं जानती होंगी आप



आप मानें या न मानें लेकिन एक अच्छे सेक्स सेशन के लिए ऑर्गैज्म बेहद जरूरी है। खासतौर पर महिलाओं के लिए क्योंकि उन्हें उनके प्लेजर लेवल तक पहुंचने और ऑर्गैज्म हासिल करने में थोड़ा वक्त लगता है। जिस तरह सेक्स हमारे शरीर के लिए कई तरह से फायदेमंद है, ठीक उसी तरह से ऑर्गैज्म के भी कई बेनिफिट्स हैं.


लव हॉर्मोन रिलीज 
ऑर्गैज्म के बाद शरीर से ऑक्सिटोसिन रिलीज होता है जिसे लव हॉर्मोन भी कहते हैं। अगर आपको किसी तरह का स्ट्रेस है या फिर आप तनाव महसूस कर रही हैं तो ऑक्सिटोसिन रिलीज होने के बाद आपको बेहतर महसूस होगा।


भूख लगेगी कम 
ऑर्गैज्म के दौरान डोपामाइन नाम का हॉर्मोन भी रिलीज होता है जो ऑक्सिटोसिन के साथ मिलकर शरीर की मदद करता है कि वह भूख को कंट्रोल कर सके। लिहाजा आप देखें तो सेल्फ प्लेजर के जरिए आप आप अपने शरीर को अनहेल्दी क्रेविंग्स यानी भूख से भी बचा रही हैं।


रिलैक्स होता है शरीर 
ऑर्गैज्म के बाद शरीर से रिलीज होने वाले हॉर्मोन्स में इन्डॉरफिन भी है जिसे हैपी हॉर्मोन कहा जाता है और इस हॉर्मोन की मदद से ही इंसान को रिलैक्स महसूस होता है। यही वजह है कि बेहतरीन ऑर्गैज्म फील करने के बाद आपको सबसे अच्छी नींद आती है।


बर्न होती है कैलरी 
कुछ स्टडीज की मानें तो अगर आप 30 मिनट तक सेल्फ प्लेजर में इंडल्ज होते हैं तो आप करीब 200 कैलरी बर्न कर सकते हैं। ऐसे में अगर आप किसी दिन अपना डेली वर्कआउट मिस कर दें तो ऑर्गैज्म के जरिए कैलरी बर्न कर सकते हैं और फिट रह सकते हैं।

स्किन पर नहीं आती झुर्रियां 
सेक्स और ऑर्गैज्म महिला के शरीर में मौजूद एस्ट्रोजेन लेवल को बरकरार रखने में मदद करता है। एस्ट्रोजेन चेहरे पर झुर्रियां आने से रोकता है। साथ ही आपकी स्किन को मॉइश्चराइज्ड और हाइड्रेटेड रखता है।

प्रेगनेंसी के दौरान शारीरिक संबंध बनाना फायदेमंद है या नुकसानदेह ?जानिए क्या कहते है एक्सपर्ट


जैसा कि आप सबको पता है सेक्स प्यार भरे रिश्ते को और भी मजबूत करता है. शादी-शुदा जोड़ो के लिए शारीरिक संबंध उनके रिश्ते में संजीवनी बूटी का काम करता है.शारीरिक संबंध वो पल है जिसे इंसान सबसे ज्यादा एन्जॉय करता है.शारीरिक संबंध करने से इंसान का स्ट्रेस लेवल भी कम हो जाता है.शारीरिक संबंध इंसान के बोरिंग जीवन में आनंद भर देता है.

साइंस में शारीरिक संबंध करने के कई फायदे बताये गए है.शारीरिक संबंध आदमी की थकान को एक मिनट में दूर कर देता है और शारीरिक संबंध के बाद आदमी खुद को रिफ्रेश महसूस करता है. संबंध आपके वैवाहिक जीवन को भी खुशहाल बनाता है. आप दोनों की जिंदगी में नन्हे मेहमान के लिए भी शारीरिक संबंध बहुत जरुरी है.

लेकिन प्रेगनेंसी के दौरान संबंध बनाना है हानिकारक...
रिसर्च भी कहती है पुरुष को हर दिन युगल को सम्बन्ध बनाना चाहिए, इससे उससे शारीरिक बेनिफिट के साथ-साथ मानसिक फायदे भी मिलेंगे. पुरुष तो प्रेगनेंसी के दौरान भी सहवास करना पसंद करते है लेकिन क्या आप जानते है इस दौरान सहवास करने से आप बीमारियों का शिकार हो सकते है.

एक नार्मल जीवन में और प्रेगनेंसी में संबंध करना अलग-अलग बात है. अगर आप प्रेगनेंसी के दौरान से क्स करते है तो आपको सावधान होने की जरूरत है.


बिना कंडोम के प्रेगनेंसी के दौरान से क्स करना बहुत खतरनाक हो सकता है. ऐसा इसलिए क्योंकि महिला के गर्भवती होने सर्विक्स म्युकल प्लग बंद हो जाते है जिससे गर्भाशय के अंदर स्पर्म नहीं घुस पाता है.


इस वजह से बॉडी के दुसरे अंगो में इन्फेक्शन का खतरा हो सकता है, इसलिए ध्यान रहें की प्रेगनेंसी के दौरान बिना कंडोम के भूलकर भी से क्स ना करें. अब आप अच्छे से समझ गए होंगे की बिना कंडोम के प्रेगनेंसी के दौरान से क्स करना महिला के लिए कितना खतरनाक हो सकता है.
अगर आप बिना कंडोम के से क्स करते है तो महिला को एड्स, वैजाइनल इन्फेक्शन हो सकता है, जो कोख में पल रहे बच्चे पर असर डाल सकता है. इसलिए जितना हो सके प्रेगनेंसी के दौरान से क्स ना करें तो ही बेहतर है और अगर कभी-कभार कर लेते है तो कंडोम का इस्तेमाल जरुर करें.

लेकिन जितना हो सके प्रेगनेंसी के दौरान से क्स से दुरी बनाये रखें थोड़ा अपने फीलिंग्स और मन पर कण्ट्रोल रखें. अन्यथा आपनी पत्नी को इसके विपरीत परिणाम भुगतने पड़ सकते है. अपनी पत्नी और बच्चे की सेफ्टी के लिए प्रेगनेंसी के दौरान से क्स से दुरी बनाये रखें. याद रखें सावधानी ही बचाव है.


जाने किस वक़्त लड़कियों में होती है संबंध बनाने कीभूख

से क्स आपके रिलेश​नशिप को बेहतर बनाता है। कई बार ऐसे मौके होते है जब दोनों में से किसी पार्टनर का से क्स करने का मूड नहीं होता पर देखा जाए तो पुरूष का तो हमेशा ही मूड होता हैं लड़कियों ​के साथ ऐसा नहीं है।
कभी उनका मूड नहीं होता है तो कभी उनके से क्स करने की इच्छा बहुत ज्यादा होती है। तो आज हम आपको बताने जा रहे है कि ऐसे कौन से टाइम में लड़किेयों को से क्स करने की इच्छा सबसे ज्यादा होती हैं। यह बात पार्टनर को ध्यान रखना चाहिए ताकि दोनों से क्स का भरपूर आनंद ले सकें।


पीरियड्स
इस दौरान पार्टनर से क्स नहीं करते हैं लेकिन आपको बता दें कि पीरियड्स के दौरान लड़कियों के से क्स करने की चाह सबसे ज्यादा होती हैं। इस दौरान उनके हार्मोंस बहुत ज्यादा बदलते है।
इसका फायदा यह भी है कि पीरियड्स में से क्स करते है तो प्रेगनेंट होने का जोखिम भी बहुुत कम होता है। तो याद रहे कि पीरियड्स के दौरान अपने पार्टनर को से क्स आॅफर करना नहीं भूलें।

प्रेगनेंसी
प्रेग्नेंट होने के बाद जब 3 से 6 महीने का जो टाइम होता है उस दौरान ​महिलाओं को से क्स करने की सबसे ज्यादा इच्छा होती है। ऐसा इसलिए क्यों​कि उस समय उनके शरीर में एस्ट्रोजन और प्रोजेस्ट्रोन का लेवल बढ़ जाता है।

इस वक्त पोजिशन को थोड़ा ध्यान रखना होता है ताकि पेट पर जोर नहीं पढ़ें। मतलब आप प्रेगनेंसी के दौरान ज्यादा मजा ले सकते है। ​जो आपको सुख की अनु​भूति देगा।सांकेतिक

ओव्यूलेशन
से क्स करने के लिए यह टाइम सबसे ज्यादा बेहतर होता है। ऐसा ​इसलिए क्योंकि इस दौरान महिलाओं को से क्स करने की इच्छा बहुत ज्यादा होती है। उस वक्त उनकी बॉडी में प्रोजेस्ट्रॉन और एस्ट्रोजन का लेवल बहुत होता है।

ऐसा भी होता है कि ऐसे समय में वह अधिक समय तक से क्स कर पाती है जल्दी थकान भी नहीं होती। ऐसे समय में दोनों से क्स को बहुत इंजॉय कर पाते है और एक - दूसरे को पूरी तरह से संतुष्ठ करने में सक्षम होते है।


पहली बार से'क्स करते हुए 98% लड़के करते है ये 2 गलतियां, दूसरी गलती लड़के ज़्यादा करते है


मर्दो और औरतो में से'क्स को लेकर काफी उत्सुकता होती है।हर पार्टनर की ये इच्छा होती है कि वो से'क्स के समय अपने पार्टनर को लंबा समय दे उसके लिए वो तरह तरह के प्रोडक्ट का सेवन करता है।से क्स करते समय मर्दो और औरतो को कुछ विशेष बातो पर ध्यान देना चाहिए जिससे उनको और उनके पार्टनर को भविष्य में कोई दिक्कत का सामना न करना पड़े।आज हम आपको कुछ ऐसी गलतियों के बारे में बताने जा रहे है जो आम तौर से क्स करने के लिए इस्तेमाल किये जाते है और जिनका नुकसान बहुत बड़ा होता है।

1)अक्सर हम डॉक्टरों और चिकित्सको द्वारा ये सुनते आते है की सेक्स के दौरान कंडोम का इस्तेमाल करना चाहिए।लेकिन आम तौर पर यह देखा जाता है कि लोग कंडोम खरीदने में या तो शर्म महसूस करते है या उनको कंडोम द्वारा से क्स पसंद नही होता है।बिना कंडोम यूज़ किये गए संभोग से आपके पार्टनर को गर्भधारण हो सकता है जिससे आपको और आपके पार्टनर को खासी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

कंडोम को सुरक्षा की दृष्टि से भी यूज़ किया जाता है बिना कंडोम के सेक्स करने से आपको एड्स जैसी खतरनाक और जानलेवा बीमारी भी हो सकती है।इसलिए डॉक्टर्स द्वारा दिये गए सुझाव को हमेशा याद रखना चाहिए ताकि किसी प्रकार की हानि न पहुँचे।
2)जिस प्रकार से आजकल पोर्न वीडियोस का क्रेज बढ़ता चला है उसको देख कर हर कोई अपने पार्टनर के साथ उसी तरह का से क्स का आनंद लेना चाहता है। नवयुवक पो-र्न वीडियोस को देखते हुए उसी प्रकार से से क्स करते नजर आते है।यह बिल्कुल व्यर्थ और हानिकारक है।सांकेतिक

पो-र्न वीडियोस ज्यादातर फेक और केवल मनोरंजन की दृष्टि से बनाए जाते है जिसका असल जिंदगी में होना नामुमकिन सा है।कभी भी संबंध बनाते समय ऐसे वीडियोस की नकल नही करनी चाहिए।इसको देख कर संबध बनाने से आपका स्वास्थ्य खराब हो सकता है और कई प्रकार के गुप्त रोग आपको लग सकते है।


मनुष्य को अपनी शारीरिक और से क्स लाइफ को बढ़ाने के लिए कई प्रकार के देशी उपचार बताए जाते है जिसको करके वो अपने शरीर और गुप्त अंग को मजबूत बना सकते है।अगर आप बिना किसी अंग्रेजी दवा के अपने शरीर को मजबूत बनाना चाहते है तो आपको खाना खाते समय प्रत्येक दिन कच्चे प्याज या कच्चे लहसुन का सेवन करना चाहिए।




इसके सेवन से आपके शरीर को मजबूती मिलेगी और मात्र 15-20 दिनों में आपको एक नया परिवर्तन अपने शरीर मे महसूस होने लगेगा।ज्यादातर पार्टनर से क्स को लेकर काफी उत्सुकता दिखाते है तथा सेक्स के समय पूर्ण आनंद लेने के लिए वो किसी भी हानिकारक पदार्थ या दवाइयों का सेवन करने लगते है।





डॉक्टर्स की अगर हम बात करे तो आजकल मेडिकल स्टोर्स पर मिलने वाली दवाइयां को से क्स के लिए अछि बताई जाती है सेहत के लिए बहुत हानिकारक होती है।निरंतर इसके उपयोग से आप जा से क्स लाइफ बहुत छोटा हो जाता है तथा भविष्य में आजके पिता बनने में भी बहुत समस्याएं पैदा हो जाती है।




इस वज़ह से शारीरिक संबंध बनाने के बाद भी महिला नही होती है संतुष्ट,इस हर पुरुष को जानना चाहिए



शारीरिक संबंध को लेकर नए-नए विचार आते ही रहते हैं और हर कोई सेक्स को लेकर काफी प्रैक्टिकल भी होता है. कई तरह के एक्सपेरिमेंट करना लोगों को अच्छा लगता है. ऐसे में पार्टनर एक दूसरे की के समबंधो बारे में जानने की भी कोशिश करते हैं और उसे और भी बेहतर बनाने की कोशिश करते हैं पर कई बार पुरुषों की से क्शुअल प्रॉब्लम जानना थोड़ा कठिन हो जाता है तो अगर आप भी जानना चाहते हैं तो बता देते हैं इनके बारे में.


अगर आप अच्छी वैवाहिक लाइफ चाहते हैं तो आप दोनों के बीच अच्छी बॉन्डिंग. ये जनन्ना बेहद जरुरी है कि आपके पार्टनर में से क्स को लेकर कोई दिलचस्पी है या नहीं. अगर सेक्स में रूचि कम हो गई है तो एक बड़ी वजह हो सकती है जिस पर ध्यान देना बेहद अहम है. बता दें, टेस्टोस्टेरोन हार्मोन पुरुषों में सहवास की चाहत के पीछे की एक बड़ी वजह होते हैं.




इसके कम होने से ही से क्स ड्राइव में कमी आती है. इसके कम होने की कई वजह हो सकती है जिसे आप डॉ की मदद से जान सकते हैं. डिप्रेशन, चिड़चिड़ापन इनके कारण भी आपको इसकी कमी हो सकती है जिससे आपका पार्टनर आपसे दुरी बना लेता है. आपको बता दें, से क्स लाइफ को लेकर आपके पुरुष पार्टनर और आपकी जरूरत अलग-अलग हो सकती है इसके लिए आपको उनसे बात करने की जरूरत है ताकि आपकी सेक्स लाइफ में रोमांस बना रहे और रोमांचक बना रहे.
शादी के पहले ही लड़कियों के मन में से क्स को लेकर कई सवाल उठते हैं। उन्हें बैचेनी होने लगती है, वह डर जाती है। से क्स करने की डिजायर सभी के मन में होती है लेकिन पुरूषों को से क्स करने में इतना ज्यादा डर नहीं लगता जितना महिलाओं को लगता है। कई बार शादी के 6 महीने बाद तक भी महिलाएं से क्स के लिए राजी नहीं होती है।


तो आइए आपको बताते हैं क्या कारण है इसके पीछे....
सबसे पहला कारण अनचाही प्रेगनेंसी। जी हां, हर म​हिला के मन में यह खौफ रहता है कि कही वह प्रेग्नेंट नहीं हो जाए। वहीँ कई बार पुरूष कॉन्डम का यूज करना भी पसंद नहीं करते हैं। ऐसे में से क्स करने से महिला और ज्यादा कतराती है।


दूसरा कारण है डर। जी हां, महिलाओं को पुरूषों के लिंग साइज बड़ा होने का डर। ऐसा इसलिए महिलाओं को सेक्स के दौरान इससे बहुत ज्यादा दर्द होने का डर रहता है।तीसरा कारण है दर्द। कई बार पुरूष से क्स के दौरान इतने ज्यादा उत्तेजित हो जाते हैं कि उन्हें पार्टनर का ख्याल नहीं रहता है। वह अपने आपको संतु​​ष्ट करने के बारे में ही सोचते हैं। इससे भी महिलाएं डर जाती है।

आपको बता दें पीरियड्स के वक्त में महिलाओं के से क्स करने की इच्छा बहुत बढ़ जाती है। लेकिन इस अवस्था में किसी बीमारी या कुछ समस्या होने के डर रहता है ऐसे में से क्स करने से वह बहुत डर जाती है।



पुरुषों को पता होनी चाहिए अपने प्राइवेट पार्ट से जुड़ी ये 4 बातें



मनुष्य के शरीर का हर एक अंग अनमोल है और भगवान ने जिस प्रकार से मनुष्य के शरीर की रचना की है वो अपने आप मे एक असामान्य बात है।
कान ,नाक,आंख,किडनी,दिल इन सभी को इस प्रकार से बनाया गया है जो हमारे शरिर को चलाने में काम आता है और इनके बिना हम जीने की कल्पना नही कर सकते।आदमी को ज्यादातर अपने शरीर के बाहरी हिस्से और मुख्य अंगों का ज्ञान होता है लेकिन बहुत कम ही ऐसे लोग है जिनको अपने शरीर के 'गुप्त' अंगों की विस्तृत जानकारी होती है।


गुप्त अंग किस प्रकार कार्य करते है या से क्स के समय इनमे होने वाले परिवर्तन कैसे आ जाते है।आज हम साइंस के माध्यम से आपको आदमी के गुप्त अंग या प्राइवेट पार्ट के बारे में बताने जा रहे है जिसको जानना एक आम आदमी के लिए बहुत जरूरी है।

1) पुरुषों के प्राइवेट पार्ट वैसे तो आम तौर पर छोटे और नाजुक होते है लेकिन जब इन्हें संबध बनाना होता है तो ये बड़े औऱ टाइट हो जाते है।प्राइवेट पार्ट डोरसेल नामक भेंन से बना होता है जब पुरुष को संबध बनाना होता है तो यह सक्रिय हो जाते है जिसके कारण इनकी लंबाई,चौड़ाई बढ़ने लगती है और हड्डियों की तरह मजबूत हो जाते है।


डोरसल भेल सशक्त होने के बाद अधिक दबाव पड़ने पर फ्रैक्चर होने का भी डर बना रहता है जिससे प्राइवेट पार्ट पर बहुत बुरा असर पड़ने की संभावना बनी रहती है इसीलिए संबध बनाते समय अधिक उत्साहित या दबाव नही देना चाहिए जिससे यह मुसीबत झेलनी पड़े।

2)अक्सर देखने को मिलता है कि पुरुषों में पेशाब के दौरान जलन और दर्द महसूस होता है।प्राइवेट पार्ट में ऐसी समस्या तभी पाई जाती है जब प्राइवेट पार्ट के भेंन ऑस्टिन में किसी प्रकार का संक्रमण हो जाता है।यह बहुत ही गहरी और चिंता का विषय होता है अगर इसमे जरा सी भी लापरवाही बरती जाती है तो इससे पुरुषों की जान का भी खतरा बना रहता है।यह शरीर मे बड़ी बीमारी भी पैदा कर सकते है।अगर इस प्रकार की किसी भी समस्या आपको महसूस हो तो तत्काल इसके लिए अपने नजदीकी डॉक्टर से सलाह ले।


3)आपने अक्सर गुप्त रोग के बारे में सुना होगा बहुत से पुरुष ऐसे भी होते है जिनके प्राइवेट पार्ट एक आम पुरुष की तरह कार्य नही करते अर्थात संबध बनाते समय या तो प्राइवेट पार्ट में तनाव की कमी होती है।प्राइवेट पार्ट में इस प्रकार की समस्या टेस्टोस्टेरोन हार्मोन की कमी के कारण होते है इससे पुरुषों में अक्सर बाप बनने में खासी परेशानी का सामना करना पड़ता है।


इस प्रकार की समस्या से जूझ रहे पुरुषों को कैल्शियम और फाइबर वाले पदार्थ का सेवन अधिक करना चाहिए जिससे उनके प्राइवेट पार्ट के तनाव की कमी जल्दी दूर होती है।रिसर्च के अनुसार टेस्टोस्टेरोन हार्मोन्स की कमी को और इसकी मात्रा को बढ़ाने के लिए फाइबर युक्त पदार्थ बहुत फायदेमंद साबित होते है।

4)पुरूष के शरीर मे उसका प्राइवेट पार्ट बहुत अहम होता है आपको यह जानकर आश्चर्य होगा कि मनुष्य के प्राइवेट पार्ट में कोई भी हड्डी नही होती है।लेकिन संबंध बनाते समय इसमे जो तनाव पैदा होता है वो हड्डी से भी ज्यादा मजबूत होता है।पुरुष के प्राइवेट पार्ट में भेंन और वसा होता है और इसके साथ साथ इसके हिनोग्लोबिन पाया जाता है।इसके कैल्शियम की मात्रा जीरो होती है।


मनुष्य की इस संरचना को हर पुरुष को जानना बहुत जरूरी होता है।प्राइवेट पार्ट में आने वाली कमी को पुरुष अक्सर छुपाते रहते है और इसका ज्ञान ना होने के कारण और भी अपने आप को नुकसान पहुचाते है।पुरुष को अपने गुप्त अंगों का ज्ञान अवश्य लेना चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी समस्या न आये।
शारीरिक संबंध बनाने का मज़ा दुगना हो जायेगा,इसके लिए करे बस यह काम


आज शारीरिक संबध हर रिलेशनशिप के लिए बहुत अहम है.इस के बीना कोई भी लड़का और लड़की आगे नहीं बढ़ सकते.शारीरिक संबध प्यारे भरे रिश्ते की नींव को मजबूत करता है.इस के बीना जीवन निराश और बोरिंग लगने लगता है.बिना शारीरिक संबध के आप एक सफल शादीशुदा जीवन की कल्पना ही नहीं कर सकते.


तभी तो आपने देखा होगा की जिनके पति उनसे दूर रहते है वे महिलाएं अपनी शारीरिक प्यास शांत करने के लिए दूसरी जगह तलाशती है.इसलिए आप यह अच्छे से जानते है की वैवाहिक जीवन के लिए शारीरिक संबध कितना महत्वपूर्ण है.



शारीरिक संबध के दौरान अपने पार्टनर को उत्तेजित करने लिए लोग बहुत कुछ करते है.इसके लिए वे फोरप्ले का सहारा लेते है.सेक्स से पहले फोरप्ले का अपना अलग ही मज़ा है.महिला को उत्तेजित करने के लिए फोरप्ले का अपना रोल है.
आईये जानते है शारीरिक संबध से जुड़े कुछ बातों के बारे में जो आपके शारीरिक संबध को और मजबूत बना देंगे.शारीरिक संबध से पहले अगर इतना इंतजार तो डबल हो जायेगा मज़ा..


सेक्स में अगर आप देरी करेंगे तो शर्मीले माने जायेंगे और जल्दबाजी करेंगे तो हवस के पुजारी माने जायेंगे, इसलिए धैर्य रखें.एक रिसर्च में बताया गया है की काफी कपल सेक्स के लिए 1 से 2 महीने का समय लेते है और बाद में शारीरिक संबध बनाते है.

रिसर्च में 21 फीसदी महिलाओं ने बताया की उन्होंने अपने पार्टनर के साथ पहली बार संबध 2 महीनों के अंतराल में बनाया. यह बात भी सामने आई की एक पार्टनर सेक्स के लिए उतारू होता है तो दूसरा टाइम लेना चाहता है. सेक्स के लिए अधिक इन्तजार लोगों के दिमाग पर भी असर डालता है.


जब एक कपल पूरी तरह से खुश होकर शारीरिक संबध के लिए तैयार हो जाता है तो उसे शारीरिक संबध बना लेना चाहिए और यही वह टाइम होता है जब उन्हें शारीरिक संबध के दौरान बहुत मज़ा आता है.


चाहे दिन में एक बार सम्बंध बनाये या फिर साल में एक बार लेकिन ये करने से पहले आपके चेहरे पर ख़ुशी झलकनी चाहिए ताकि शारीरिक संबध अच्छे से बनाया जा सके.

हालाँकि इंतजार का फल मीठा होता है लेकिन कम समय का ही इंतजार रखें ताकि आप एक-दुसरे के और करीब आ सके.शारीरिक संबध के दौरान कभी भी जल्दबाजी ना दिखाएँ, आपका पार्टनर कहीं भाग कर नहीं जाने वाला है, इसलिए उसे अच्छे से उत्तेजित करके सेक्स का आनन्द ले.


इस महारानी के अंदर थी ऐसी हवस कि घोड़े से सं'बंध बनाने के दौरान हो गयी थी मौ'त


इतिहास में राजा और रानी से जुड़े कई किस्से मौजूद है कई ऐसे किस्से और तथ्य है जिसे सुनकर आप हैरान हो जायेंगे.कोइ अपने दिमाग और कोई अपने बाहुबल के लिए प्रसिद्द था लेकिन कई ऐसे है जो इन सब से अलग किसी और चीज़ के लिए मशहूर रहे है लेकिन जब किसी भी महारानी की बात आती है फिर उसकी सुन्दरता का ही वर्णन अधिकतर मिलता है.लेकिन आज हम ऐसी महारानी की बात करने जा रहे है जिसका एक शौक या यु कहें भूख सुनकर आप हैरान हो जायेंगे.आइये जानते है ऐसी एक महारानी के बारे में..

जी हां आज हम एक ऐसी रानी के बारे में बताने जा रहे हैं जो संभोग की प्यासी थी.अपने से-क्स की भूख के लिए वो किसी भी हद तक जा सकती थी.चलिए जानते हैं उस रानी के बारे में जिसने सिर्फ इंसानों को ही नही बल्कि अपनी हवस की आग बुझाने के लिए जानवरों को भी अपना शिकार बना लिया.

हम बात कर रहे हैं इतिहास में रही रूस की महारानी कैथरीन दि ग्रेट ‌द्वितीय की जो शादी के बाद अपने पति से भी संभोग संतुष्टि नही मिलने पर महल में ही जवान मर्दों को रखने लगी.आलम कुछ ऐसा था कि वो अपनी दासियों को हटाकर नौजवान हट्टे-कट्ठे मर्दों को काम देती थी.उसके बादल में अपनी कामवासना को पूर्ण करना ही रानी का असली मकसद था.


इतिहास के पन्नो को उलटने पर पता चलता है कि जब वह अपने पति से संतुष्ट नही हुई तो रियासत के सेनापति से भी शारीरिक संबंध बनाए तब जाकर उसे देश का उत्तराधिकारी प्राप्त हुआ था.ऐसा बताया जाता है कि रूस में रात को बैचलर पार्टी की शुरुआत भी उसी ने किया था. इस दौरान वह अपने गुलामो से शारीरिक संबंध बनाती थी.


रानी के खिदमत में कुछ ऐसे भी सैलून बनाये गए थे जहां सं भोग के अलग अलग पोजिशन में मूर्तियां स्थापति की गई.इन चीजों के आकार को देखकर आप रानी की अय्याशी का अंदाजा लगा सकते हैं.वैसे इस महारानी के बारे में दावा किया जा रहा है कि रानी की मौत हार्ट अटैक से हुई लेकिन यह राज कुछ दिनों बाद खुला.


इतिहासकारों के मुताबिक रानी के मौत तब हुई जब वो एक घोड़े के साथ शारीरिक संबंध बना रही थी.दरअसल वो सेक्स के प्रति इस कदर पागल थी जिसके लिए वो जानवरों को भी नही छोड़ती थी.कई नस्ल के कुत्तों व घोड़ों को पालने का मकसद भी शारीरिक संबंध ही होता था.

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