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महीने में दो बार आने लगे पीरियड तो हो सकते हैं ये कारण


महीने में दो बार आने लगे पीरियड तो हो सकते हैं ये कारण
ज़रा गौर से पढ़िएगा।

वैसे तो इस मुद्दे पर खुले तौर पर बात नहीं की जाती लेकिन लड़की होने के नाते मैं आपकी परेशानियों को बहुत अच्छी तरह समझ सकती हूँ। हम लड़कियों के साथ अक्सर ऐसा होता है कि सब ठीक चल रहा होता है। हम बिलकुल स्वस्थ होते हैं। फिर एक दिन अचानक हमें कमजोरी महसूस होने लगती है। 

असल में ऐसा किसी और वजह से नहीं बल्कि अनियमित पीरियड्स की वजह से होता है। समय से माहवारी न आना या माह में एक से ज्यादा बार माहवारी आना भी अनियमित पीरियड्स की निशानी है। अधिकतर महिलाएं इस समस्या से ग्रस्त रहती हैं, मगर शर्म और झिझक के कारण कुछ भी नहीं कह पाती।

अगर आप भी इस समस्या से जूझ रही हैं तो आपके लिए भी ये जानना बहुत जरूरी हो जाता है कि आखिर ऐसा क्यों होता है? तो चलिए जानते हैं।


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मासिक चक्र 



सामान्य तौर पर एक जवान महिला के लिए 21 से 35 दिन का मासिक चक्र होता है। वहीं टीनएज गर्ल्स में ये चक्र 21 से 45 दिन का होता है।


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सभी में अलग-अलग



लेकिन सभी महिलाओं में ये चक्र अलग-अलग हो सकता है। ये भी संभव है कि कुछ महिलाओं में पीरियड का ये चक्र काफी लंबा खींच जाए या फिर बहुत समय बाद पीरियड आए। कुछ महिलाओं में ये चक्र काफी छोटा हो सकता है। 


एक माह में दो बार पीरियड 



जिन महिलाओं में मासिक धर्म का ये चक्र काफी छोटा होता है, उनके साथ इस बात की आशंका बहुत अधिक होती है कि एक महीने में उन्हें दो बार मासिक धर्म की पीड़ा से गुजरना पड़े। 

आखिर ऐसा क्यों?


अब सवाल यह है कि आखिर ऐसा क्यों होता है? यदि आपके मासिक धर्म का चक्र छोटा है और आप महीने के पहले सप्ताह में पीरियड्स से गुजरती हैं तो हो सकता है कि महीने के अंत में आप दोबारा पीरियड से गुजरें।


प्रेग्नेंसी एक अहम वजह 


जब महिला प्रेग्नेंट होती है तो उसके अंदर के हार्मोन लेवल अपनी तरह से काम करने लगते हैं जिससे पीरियड आना बंद हो जाते हैं। इसके बाद अनियमित पीरियड होना आम बात है।

तनाव 


तनाव लेने से स्ट्रेस हार्मोन पर सीधा प्रभाव पड़ता है। अगर इस वजह से आपके खून में स्ट्रेस हार्मोन का लेवल बढ़ जाता है तो इसका असर आपके मासिक चक्र पर पड़ता है, जिससे आपके पीरियड या तो बहुत लंबे हो जाते हैं या बहुत छोटे हो जाते हैं।



बर्थ कंट्रोल पिल्स का उपयोग 


अगर आप प्रेग्नेंसी कंट्रोल करने के लिए बर्थ कंट्रोल पिल्स लेते हैं तो ये भी आपके पीरियड्स को अनियमित बनाने में अहम भूमिका निभा सकता है। 


पीसीओएस 



ओवरी में सिस्ट और उसकी वजह से समय से पीरियड का आना या एक से ज्यादा बार पीरियड आना पीसीओएस कहलाता है। ये हार्मोन में असंतुलन होने की वजह से होता है।


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दवाइयां भी वजह 


अगर आप बीमार हो गई थी जिसकी वजह से आपको दवाइयां खानी पड़ रही है तो इसका असर आपके हार्मोन लेवल पर हो सकता है। इस वजह से आपके पीरियड्स टल सकते हैं या तुरंत भी आ सकते हैं। 


उपचार संभव 


अगर आप भी अनियमित माहवारी से ग्रस्त हैं तो आपको तुरंत डॉक्टर के पास जाना चाहिए। अपनी परेशानी बताकर उनसे सही उपचार लेना चाहिए। इसके अलावा अपने खानपान को नियमित करके भी आप इस समस्या से छुटकारा पा सकती है।

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