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-अगर है सेक्स की समस्या तो इस्तेमाल करे ऑलिव ऑयल



अगर है सेक्स की समस्या तो इस्तेमाल करे ऑलिव ऑयल 




शीघ्रपतन और स्वपनदोष जैसी समस्या शादी शुदा दंपति को संभोग सुख से वंचित कर देती है। जिससे उनकी सेक्सुअल लाइफ के साथ रोजाना की लाइफ भी बेकार हो जाती है। अगर आप भी इसी तरह की किसी समस्या का सामना कर रहे हैं और शर्म के कारण किसी विशेषज्ञ के पास नहीं जा पा रहे हैं तो खाने में जैतून के तेल का इस्तेमाल करें। इस तेल के जरिये आप सेक्स से जुड़ी हर तरह की समस्या का समाधान हो जाता है।


अगर आपको नपुंसकता, स्वप्नदोष, धातु दोष, शीघ्रपतन,वजाइना की ड्राईनेस, सेक्स की इच्छा नहीं होना, स्मार्म काउंट में कमी, बहुत अधिक थकावट होना जैसी समस्याएं है तो आप ऐसी किसी भी तरह की समस्या में ऑलिव ऑयल का इस्तेमाल कर सकते है,आलिव ऑयल एक गुणकारी तेल है जो दिल को भी सेहतमंद रखता है और स्वास्थ्य को भी। इसके साथ ही ये वैवाहिक जीवन के प्यार और रोमांस को भी बरकरार रखने में मदद करता है।


वही आप रोज खाने में एक चम्मच ऑलिव ऑयल डालें। अगर खाने के साथ सलाद खाते हैं तो सलाद में एक चम्मच ऑलिव ऑयल मिक्स कर सुबह-शाम खाएं। ऑलिव ऑयल के सेवन से शरीर में एस्ट्रोजेन (estrogen) हार्मोन का स्तर बढ़ता है जो सेक्स हार्मोन टेस्टास्टरोन की कमी को पूरा करने में मदद करता है जिससे पुरूषों को लिबीडो की समस्या से राहत मिलती है।


और महिलाओं में ऑलिव ऑयल कामेच्छा का संचार करता है। इसलिए ऑलिव ऑयल का संतुलित मात्रा में सेवन कर अपने सेक्स लाइफ को बेहतर बनाएं।


तो कहीं आपको भी सेक्स की लत तो नहीं


: प्रेगनेंसी में अंगूर का सेवन हो सकता है नुकसानदेह







हर महिला के लिए प्रैगनेंसी का अहसास कुछ खास होता है. जब कोई औरत प्रैग्नेंट होती है तो उसके साथ-साथ पूरे परिवार को नन्हें मेहमान के आने की खुशी होती हैं. प्रैग्नेंसी में खास देखभाल और खान-पान की जरूरत होती है ताकि आने वाला शिशु सेहतमंद हो.


गर्भावस्था में इन चीजों से करें परहेज


1-गर्भावस्था में पपीता खाने से प्री-मैच्योर डिलीवरी होने की आशंका बढ़ जाती है. कहा जाता है कि प्रैग्नेंसी के महीनों में पपीता खाना नुकसानदेह होता है.


2-गर्भावस्था के दौरान अनानास खाना गर्भवती के स्वास्थ के लिए खतरनाक हो सकता है. इससे भी प्री-मैच्योर डिलीवरी की आशंका बढ़ जाती है.


3-माना जाता है कि प्रैग्नेंसी के अंतिम महीनों में अंगूर खाना नुकसानदेह होता है. बहुत ज्यादा अंगूर खाने से असमय प्रसव होने की आशंका होती है.


4-प्रोटीन और मिनरल्स से भरपूर कच्चा दूध सेहत के लिए फायदेमंद है लेकिन गर्भावस्था के शुरूआती दिनों में भूल से भी कच्चे दूध का सेवन न करें.


ठण्ड में मौसम में रोज सुबह खाये खीर

योग से पाए खर्राटों की समस्या से छुटकारायोग से पाए खर्राटों की समस्या से छुटकारा





बहुत से लोगों को सोते समय खर्राटे लेने की आदत होती है. इससे आपकी नींद तो बार-बार खुलती ही रहती है साथ ही आस-पास सोने वाले लोगों को भी चिंता का सामना करना पड़ता है. आपकी यह आदत कई बार शर्मिंदगी का सबब भी बन जाती है. अगर आप खर्राटों को दूर करने के लिए हर मुमकिन कोशिश कर चुके है तो


आज हम आपको कुछ घरेलू तरीके बताएंगे, जिनकी मदद लेकर आप खर्राटे की समस्या से बच सकते है.


1-योगासन करने से श्वास नली ठीक रहती है और फेफड़ों में ऑक्सीजन पर्याप्त मात्रा पहुंचती है, जिससे खर्राटे दूर होते है.


2-खर्राटे आने की समस्या का एक कारण मोटापा भी है. इसलिए अपने वजन को कंट्रोल करें.कहा जाता है कि बाईं ओर करवट लेकर सोने से खर्राटे कम आते है.


3-रात को सोने से पहले गर्म पानी का सेवन करें क्योंकि गर्म पानी पीने से गला खुल जाता है.


4-नाक साफ न होने और सूजन होने की वजह से भी खर्राटे की समस्या होती है. ऐसे में नाक की समय-समय पर सफाई करते रहे है.


5-धूम्रपान करने वाले लोगों को खर्राटों की समस्या अधिक होती है तो अपने बेहतर स्वास्थ्य और खर्राटों से छुटकारा पाने के लिए धूम्रपान करना छोड़ दें.


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30 की उम्र के बाद न खाये टोमेटो केचप30 की उम्र के बाद न खाये टोमेटो केचप





सेहतमंद रहने के लिए अच्छा खानपान होना बहुत जरूरी है. अधिकतर लोग पहले अपनी डाइट पर ध्यान नहीं देते लेकिन जब शारीरिक समस्याएं होने लगती है तब वो संतर्क होते है. देखा जाता है कि 30 की उम्र के बाद शरीर में कई बदलाव होते हैं जैसे कैल्शियम की कमी, थकान और बाल सफेद होना आदि.


एेसे में इस उम्र के दौरान अपने खानपान का खास ख्याल रखना चाहिए. सही डाइट न लेने से कई समस्याएं पैदा हो सकती हैं.


1-उम्र बढ़ने के साथ आपको अपनी कई आदतों को बदल लेना चाहिए जैसे कि फ्राई चीजों का सेवन करना. अपनी डाइट में मांस, अंडे की जर्दी, फास्ट फूड्स शामिल न करें. इनका सेवन करने से आप उम्र से अधिक नजर आएंगे और जोड़ों में दर्द की समस्या होने लगेगी.


2-अधिक नमक का सेवन करने से कई बीमारियों का सामना करना पड़ता हैं. 30 की उम्र के बाद ज्यादा नमक खाने से किडनी, दिल और दिमाग पर असर पड़ता है.


3-कई लोग टोमेटो कैचअप खाने के बहुत शौकीन होते है. बाजार में मौजूद टोमेटो कैचअप में कई तरह के कैमिकल मौजूद होते है, जिसे खाने से पाचन तंत्र पर असर पड़ता है. एेसे में बेहतर है कि टोमेटो कैचअप न खाएं. अगर आप खाना चाहते है तो इसे घर पर तैयार करें.


4-नींद को दूर भगाने के लिए लोग कैफीन पीते है जो सेहत के लिए काफी हानिकारक है. इससे पीने से लोग उम्र से पहले ही बूढ़े लगने लगते हैं.


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पेट्रोलियम जेली के भी हो सकते है साइड इफेक्ट्स







सर्दियों में त्वचा रूखी(ड्राई) और बेजान होने लगती है. ऐसे में ज्यादातर लोग पैट्रोलियम जैली का इस्तेमाल करते है. चेहरे को मॉश्चराइज और फटी एड़ियों को ठीक करने के लिए रोजाना लोग इसका खूब इस्तेमाल करते है


लेकिन क्या आपको पता है कि ज्यादा मात्रा में पैट्रोलियम जैली लगाने से कई साइड-इफैक्ट भी होते है.


1- एक शोध में बताया गया है कि इससे फेफड़े संबंधी कई बीमारियां और कैंसर का खतरा हो सकता है.


2- स्किन जैली को सोख लेती है. इसमें मौजूद हाइड्रोकार्बन फैट के टिशू में जमा हो जाते है. जब हम लोग खाना खाते है तो वैसलीन में मौजूद मिनरल,ऑयल, हाइड्रोकार्बन शरीर के अंदर पहुंच जाते है.


3- ऐसे स्तनपान करवाने से यह हाइड्रोकार्बन दूध के द्वारा शिशु के अंदर जा सकता है, जिसके बच्चे को नुकसान हो सकता है. रोज-रोज पैट्रोलियम जैली लगाने से त्वचा अपनी सोखने की शक्ति को खो देती है और वह नवीकरण की प्रक्रिया को धीमा कर देती है, जिससे त्वचा का कोलाजन टूट जाता है और चेहरे पर जल्दी ही झुर्रियां दिखाई देने लगती है.


4- ज्यादा मात्रा में पैट्रोलियम जैली का इस्तेमाल करने से हार्मोन गड़बड़ी हो सकती है, जिससे स्वास्थ्य संबंधी कई समस्याए जैसे पीरियड्स की समस्या, एलर्जी, बाझपन या पोषण की कमी आदि हो सकती है.


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: स्वस्थ रहना है तो करे लहसुन हल्दी और लौंग का सेवनस्वस्थ रहना है तो करे लहसुन हल्दी और लौंग का सेवन





खानपान में हो रहे निरंतर बदलाव के कारण हर कोई किसी न किसी बीमारी या परेशानी का शिकार हैं. व्यक्ति को न चाहकर भी डॉक्टरों के पास जाना पड़ता है. कुछ लोग डॉक्टर के पास न जाकर घर पर ही अपनी छोटी- छोटी दिक्कतों को दूर करने के लिए एंटीबॉयटिक का सहारा लेते है जो रोग प्रतिरोधक क्षमता को कमज़ोर करने का काम करती है. इसलिए इन एंटीबॉयटिक बचना बहुत ही जरूरी है. पुराने समय में लोग अपनी छोटी-छोटी बीमारियों का इलाज घर पर ही कर लेते थे. आप चाहे तो आप भी डॉक्टर के पास न जाकर घर पर कई तरह की बीमारियों का इलाज कर सकते हैं.


मिश्रण बनाने का तरीका


3 कलियां लहसुन, 2 चम्मच हल्दी और 3 लौंग को पीस कर मिक्चर बना लें. इस मिक्सचर को रात को सोने से पहले गर्म पानी या दूध के साथ लें.


1-इस मिश्रण को लेने से साइनस की इंफैक्शन कम होती है. यह बलगम के जमाव को हटाकर आपके नाक को खोल देता है.


2-यह मिश्रण से पेट में बनने वाले एसिड नहीं बनने देता. साथ ही इसके सेवन से गैसट्रायटिस, पेट का फूलना और पेट दर्द जैसी कई समस्या दूर रहती है.


3-इस मिश्रण में एंटी इंफ्लामेटरी गुण होते हैं जो इंफैक्शन, शरीर के अंदर की सूजन और जलन को कम करता है.


4-इस मिश्रण से जमी हुई फैट घुल जाती है, जिससे कोलेस्ट्रॉल का स्तर कम हो जाता है.इस मिश्रण को रोजाना दूध के साथ लेने से और एक्सरसाइज़ वजन कम होता है और शरीर स्वस्थ रह सकते हैं.


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नारियल तेल से करे अपने हार्मोन्स को कण्ट्रोल







हार्मोन्स असंतुलन चाहे औरत हो या मर्द दोनों को किसी भी उम्र में हो सकता है.इनका असंतुलन कई कारणों से होता है जैसे कि अनियमित जीवनशैली,समय से भोजन ना करना, ज्यादा स्ट्रेस लेना, व्यायाम ना करना आदि.इनके संतुलित न रहने से हर वक्त शरीर थकान महसूस करता है.इंफर्टिलिटी,पाचन से जुड़ी समस्याएं और कई मानसिक समस्याएं भी हार्मोंस में बदलाव के कारण होती हैं.जिससे स्वास्थ्य बिगड़ता है,हमारे शरीर के लिए इनका बैलेंस बहुत ज़रूरी है ताकि हम हमेशा स्वस्थ और फिट रहें.


एेसे में कुछ घरेलू तरीके अपनाकर आप अपने हार्मोंस को बैलेंस रख सकते है....


1.अपनी डाइट में कैफीन की मात्रा को कम करें.चाय-कॉफी को सीमित मात्रा में ही लें.


2. नारियल तेल को अपने डाइट में शामिल करें. यह हार्मोंस के संतुलन करने में मदद करता है. यह वज़न को भी नियंत्रित करता है.


3.योग व प्राणायाम को अपनी दिनचर्या में शामिल करें.आप वॉकिंग और जॉगिंग भी कर सकते हैं.


4. गाजर,ब्रोकोली, पत्तागोभी व फूलगोभी जैसी सब्ज़ियों को अपनी डाइट में लें.इनमें मौजूद फाइबर टॉक्सिन्स को कंट्रोल करके हार्मोंस को बैलेंस करता है.


5. पानी की कमी भी हार्मोंस के असंतुलन का कारण बनती है.पानी को उचित मात्रा में पीएं.


6. अलसी हमारे शरीर के लिए बहुत फायदेमंद होती है.इसके 2-3 टीस्पून अपनी डाइट में लें.


7.दही हमारे शरीर में हेल्दी बैक्टीरिया के संतुलन को बनाए रखता है और बहुत-से हार्मोंस को भी संतुलित रखता है.


मेथी का पानी बचाता है पेट के कैंसर से


जाने थायरॉड के लक्षणों के बारे मेंजाने थायरॉड के लक्षणों के बारे में







थाइरॉयड शरीर के सिस्टम को संतुलित रखने में मददगार है. इस हार्मोन में गड़बड़ी आने पर शरीर में बहुत सी परेशानियां और बदलाव आ जाते हैं. इसके लक्षणों से इसके बारे में पता लगाया जा सकता है और सही समय पर इलाज से इस रोग से होने वाली दिक्कतों से छुटकारा पाया जा सकता है.


आइए जाने इसके लक्षणों के बारे में जिन पर ध्यान देना बहुत जरूरी है.


1-कोई भारी काम न करने के बाद भी थकावट महसूस हो और दिन भर सुस्ती बनी रहे तो थाइरॉयड की जांच जरूर करवाएं.


2- खाना खाने के बाद भी भूख महसूस होना भी थायरॉइड का कारण हो सकता है.


3- शरीर में अचानक से खून का दौरा बढ़ जाएं तो हो सकता है आप थाइरॉयड के शिकार हैं. ऐसे में जांच जरूर करवाएं.


4- बिना किसी वजह के तनाव में रहना या अपने आप को दुखी महसूस कर रहे हैं तो थाइरॉइड की जांच जरूर करवाएं.


5- अपने आस-पास की चीजोें को भूल जाना और दिमाग पर ज्यादा जोर डालना भी थाइरॉयड का कारण हो सकता है.


6- डाइट का पूरा ध्यान रखने के बावजूद भी वजन तेजी से कम हो रहा हो तो अपनी सेहत की ओर ध्यान जरूर दें. इसका कारण थायरॉइड भी हो सकता है.


7- बालों के तेजी से टूटने और झड़ने का कारण भी थाइरॉयड हो सकता है.


सेहत के लिए फायदेमंद है अदरक वाली काली चाय
मशरूम करता है कोलेस्ट्रॉल को कण्ट्रोलमशरूम करता है कोलेस्ट्रॉल को कण्ट्रोल




मशरूम यानि की खूम्ब, इसको बहुत से नाम से जाना जाता है. मशरूम खाने में स्वादिष्ट होने के साथ-साथ पौष्टिक और रोगरोधक आहार है, जिसका इस्तेमाल भोजन बनाने के अलावा कई दवाईया बनाने के लिए किया जाता हैं. ज्यादातर लोग मशरूम की सब्जी को खाना पसंद करते है.


मशरूम में बहुत सारे तत्व मौजूद होते है जो हमे कई तरह की बीमारियों से बचा कर रखते है.


1-मशरूम में विटामिन बी1, बी2, बी3,बी5 और बी6 मौजूद हैं. इसके अलावा इसमें विटामिन डी भी भरपूर है जो हड्डियों को मजबूत बनाने का काम करता है.


2-मशरूम में मौजूद एंटी-ऑक्सीडेंट फ्री रेडिकल्स से बचाता है. इसको खाने से शरीर में एंटीवाइरल और अन्य प्रोटीन की मात्रा बढती है, जो कि कोशिकाओं को रिपेयर करता है.


3-मशरूम ब्रैस्ट कैंसर के खतरे से बचाता है. इसमें मौजूद बीटा ग्लूकन और कंजुगेट लानोलिक एसिड कैंसर के प्रभाव को कम करते हैं.


4-मशरूम में हाइ न्यूट्रियंट्स होते हैं जो दिल के लिए काफी फायदेमंद होते है. मशरूम में एंजाइम और रेशे मौजूद होते हैं जो कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करते हैं.


5-मशरूम इसमें विटामिन, मिनरल और फाइबर होता है. साथ ही इमसें फैट, कार्बोहाइड्रेट और शुगर भी नहीं होती, जो कि मधुमेह रोगी के लिए फायदेमंद होते है.


6-इसमें लीन प्रोटीन होता है जो कि वजन घटाने में बडा़ कारगर होता है.


7-मशरूम में विटामिन बी होता है जो कि भोजन को ग्लूकोज़ में बदल कर ऊर्जा पैदा करता है.


आपका गद्दा भी बन सकता है कई परेशानियों की वजह
: स्वस्थ रहने के लिए डाले हाथ धोने की आदत







सेहतमंद रहने के लिए खान-पान की अच्छी आदतों का होना बहुत जरूरी है. हमें बचपन से ही सिखाया जाता है कि खाना खाने से पहले हाथ धोने चाहिए. इससे कई बीमारियां दूर होती है. कुछ लोग हाथों को पानी के साथ धो लेते है जिससे हाथों पर मौजूद कीटाणु खत्म नहीं होते. खाना खाने से पहले हाथों को साबुन के साथ धोना चाहिए ताकि इस पर मौजूद कीटाणु पूरी तरह से खत्म हो सके.


आज हम आपको बताते है कि हैंड वॉश से आप किन बीमारियों से दूर रह सकते है.


1-डायरिया की शिकायत बच्चों में आम देखने को मिलती है. खाना खाने से पहले सही तरह से हाथ न धोने पर भी इस बीमारी का सामना करना पड़ सकता है क्योंकि यह पाचन तंत्र से जुड़ी हुई होती है.


2-बिना हाथ धोए खाना खाने से गले की इंफेक्शन हो सकती है. इसके अलावा कफ और खराश की शिकायत हो जाती है.


3-अगर आप गंदे हाथों से खाना खाते है तो इसका असर पाचन क्रिया पर पड़ता है. पाचन क्रिया ठीक न होने पर दस्त, कब्ज, पेट दर्द और गैस की तकलीफ हो जाती है.


4-गंदे हाथों से खाना खाने से फूड इंफेक्शन हो जाती है. दिनभर में हम कईचीजों को छूते है जिससे हाथों में कई ऐसे रोगाणु चिपके रहते हैं. इससे फूड इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है.


इन तरीको से करे दांतो की देखभाल

: ये टेस्टी स्मूदी दिलाएगा आपको जोड़ो के दर्द से छुटकाराये टेस्टी स्मूदी दिलाएगा आपको जोड़ो के दर्द से छुटकारा







सर्दियों में जोड़ों के दर्द की समसया आम सुनने को मिलती हैं.. बढ़ती उर्म के साथ यह समस्या और भी गंभीर हो जाती है. कभी- कभार तो दर्द इतना बढ़ जाता है कि इसे सहना मुश्किल हो जाता है. दरअसल यह दर्द तब होता है जब शरीर में यूरीक एसीड की मात्रा बढ़ जाती है. ऐसे में कई लोग पेनकिलर का सहारा लेते है फिर भी उन्हें कोई आराम महसूस नहीं होता.


इन सब की जगह अगर आप इस टेस्टी स्मूदी को अपने ब्रेकफास्ट में शामिल करेंगे तो आप इस दर्द से काफी हद तक आराम पा सकते हैं.


सामग्री


1- एक पका अनन्नास


2-एक चम्मच अदरक की जड़ ( घिसी हुई)


3- दस ग्राम सिलेरी के डंठल


4- एक चम्मच नींबू का रस


5- आधा चम्मच नारियल का तेल


6- दो नाशपाती


7- आधा चम्मच हल्दी पाऊडर


8- एक संतरे का रस


9- आधा चम्मच काली मिर्च


विधि


1- सबसे पहले अनन्नास को छील लें, फिर उसके छोटे छोटे टुकड़े कर लें.


2- इन टुकड़ो में घिसी हुई अदरक और नींबू का रस डालें और इन्हें अच्छे से मिला लें.


3- इस मिक्स हुए मिश्रण में सिलेरी के डंठल, नारियल का तेल, नाशपाती, हल्दी पाऊडर, संतरे का रस, काली मिर्च को मिक्सर में डालकर दो-तीन मिनट तक चलाएं.


4- आपका जूस तैयार है. अगर आपको जूस को पतला करना हैं तो आप इसमे पानी भी मिला सकते हैं.


एक टुकड़ा अदरक दिला सकता है...


कही आपको भी नींद में सेक्स करने की बीमारी तो नहीं?







अपने सुना होगा की लोगो को नींद में बोलने-चलने की बीमारी होती है. लेकिन क्या आपको पता है की कई लोगों को नींद में सेक्स करने की भी बीमारी होती है? जिसे Sexsomnia कहा जाता है.


ये बीमारी पुरुष और महिलाओ दोनों को हो सकती है. जिसमे पीड़ित सेक्स करते करते ही सो जाता है. इसके अलावा कई बार वह उन लोगो के साथ भी सम्भोग कर लेता है. जिनके साथ वह होश में इस कुछ नहीं करना चाहेगा. ये बीमारी उन लोगो को जल्दी अपने चपेट में लेती है.


जिन्हें नींद ना आने की तकलीफ होती है. महिलाए इस बीमारी के दौरान नींद में ही हस्थमैथुन करने लग जाती है. वही पुरुष नींद में किसी के भी साथ सेक्स करने लग जाते है. हालाँकि डॉक्टर्स की सलाह और सही इलाज से इस समस्या से निजात पाया जा सकता है.


बाँझपन से मुक्ति


मुंहासे भी बांझपन के लक्षण!


New Year पार्टी का नशा उतारने के ये 10 तरीके आपके आ सकते हैं काम







New Year के सेलिब्रेशन का खुमार अभी से लोगों पर चढ़ा हुआ है। हर कोई ज़ोरो शोरों से इसकी तैयारी में लगा हुआ है। साल का ये एकलौता दिन होता है जिसमे युथ जम कर एन्जॉय करते हैं। लेकिन ऐसी कई चीज़े हैं जो इस माहौल युथ ध्यान नही देते।


सेलिब्रेशन में सब कुछ Allow रहता है जी हाँ, पार्टी है तो शराब तो बनती ही है। आजकल की पार्टी में शराब ना हो ऐसा तो हो ही नही सकता। लेकिन मज़े मज़े में शराब में इतनी डूब जाते हैं युवा और अगले दिन उसका खुमार उतारा नही जाता। लेकिन हम आपको वही बताने आये हैं की पार्टी का नशा कैसे उतारा जाए। तो जानिए वो तरीके जिनसे आप खुद को होश में ला सकते हैं।


* सबसे अच्छा तरीका है निम्बू पानी। नशे में हैं तो सोने से पहले निम्बू पानी ज़रूर पियें। ना ले पाएं तो सुबह उठाते ही पियें।


* इसके अलावा आप गुनगुने पानी में निम्बू और शहद घोल कर भी पी सकते हैं।


* जिन फलों में सिट्र‍िक एसिड हो या फिर ताज़े हो उनसे भी आप पाना हैंगओवर उतार सकते हैं।


* दूध और केले को शहद के साथ मिलाकर कर शेक बना कर भी आप इसे ले सकते हैं।


* गर्मागर्म सूप लेना ये आपके लिए हेल्थी भी है और एक बेहतर विकल्प भी।


* ब्लैक कॉफ़ी ले सकते हैं जिससे आप फ्रेश भी महसूस करेंगे और आपका दिमाग सक्रीय भी होगा।


* मसालेदार चीज़े खाने से भी आपका हैंगओवर उतर सकता है।


* दही या छाछ ले, इसमें शक्कर और काली मिर्च मिलाकर भी ले सकते हैं।


* अदरक तो स्वास्थ्य के लिए होता ही बेहतर है। इसे आप गर्म पानी में मिला कर ले सकते हैं या फिर अदरक वाली चाय।


* और सबसे बेहतर तरीका है नारियल पानी। इससे आपका हैंगओवर जल्द ही उतर जायेगा।


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इन चीजों की मदद से हस्तमैथुन करती है महिलाए







यह बात सभी को पता है की महिलाए भी पुरुषो की तरह अपनी उत्तेजना को शांत करने के लिए हस्थमैथुन करती है. लेकिन अहम् सवाल है कैसे? आईये जानते है इस अहम् सवाल का जवाब.


सब्जियां: महिलाए हस्थमैथुन के लिए सब्जियों का भी इस्तेमाल करती है. भले ही ये सुनने में थोड़ा अजीब लगे लेकिन यह सच है. महिलाए ककड़ी, गाजर, हरी बैंगन या मूली की मदद से हस्थमैथुन करती है. उन्हें सब्जियों से पुरुषो के लिंग के सामान अनुभूति होती है.


केला: महिलाओ को केला काफी पसंद होता है. महिलाए केले को बड़े ही सेक्सी और इरोटिक तरीके से खाती है. इसके पीछे की वजह से इस फल का पुरुषो के लिंग की तरह आकार. महिलाए कच्चे केले की मदद से हस्थमैथुन करती है. ये उनका पसंदीदा हाथमैथुन टूल है.


मोमबत्ती: मोमबत्ती फलो के मुकाबले ज्यादा सख्त होती है. इस वजह से हस्थमैथुन में इसका इस्तेमाल महिलाओ को ज्यादा आनंद देता है.


शराब की बोतल: ज्यादातर महिलाए शराब के नशे में टल्ली होने के बाद उसकी बोतल से हस्थमैथुन करती है. हालाँकि हस्थमैथुन का ये तरीका खतरनाक साबित हो सकता है.


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इन 3 तरीकों से करें अपने पति को उत्तेजित







कई महिलाओ को सेक्स में काफी काम रूचि होती है. जिस वजह से उनकी सेक्स लाइफ बिगड़ती चली जाती है. अगर आप भी ऐसी ही कोई समस्या का सामना कर रही है तो आज हम आपको कुछ ऐसे तरीके बताएंगे. जिनकी मदद से आप अपने पति को उत्तेजित कर अपनी सेक्स लाइफ में एक नयी जान फूंक सकती है.


होंठो से : महिलाओ के होंठ उनके शरीर का सबसे कामुक हिस्सा होता है. महिलाए अपने हुहतो की मदद से अपने पति को काफी उत्तेजित कर सकती है. इसके लिए अपने होंठो की मदद से अपने साथी के शरीर को चूमे आप चाहे तो लिपस्टिक का भी इस्तेमाल कर सकती है. ये आपके आनंद को बढ़ाने का काम करेगी.


बॉडी लैंग्‍वेज : महिलाओ की बॉडी लैंग्वेज एक ऐसा हथियार है जो कभी खाली नहीं जाता. अगर आप अपने पति को उत्तेजित करने के बारे में सोच रही है तो ये तरीका सबसे बेस्ट है. आप अपने पति के सामने जितनी कामुक आदि करेंगी, उतनी ही जल्दी वह आपकी तरफ आकर्षित होंगे. इसके अलावा सेक्स के दौरान भी सही बॉडी लैंग्वेज से सेक्स के मज़े को बढ़ाया जा सकता है. इसके लिए आप सेक्स के दौरान अपने साथी का पूरा सहयोग करे.


अंगो का प्रदर्शन : ये सदियों से इस्तेमाल किया जाने वाला तारिक है. पुरुष महिलाओ के गुप्तांगो को अंतर्वस्त्र में देख कर काफी जल्दी उत्तेजित होते है. इसके लिए आप सेक्सी लिंगेरी का भी इस्तेमाल कर सकती है. इस दौरान इस्तेमाल किये जाने वाले अंतरवस्त्रो के रंगों का चयन आपके पति की पसंद के हिसाब से करे.


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: इस 31st, लें न्यू ईयर सेक्स का मज़ा







इन दिनों आपको एक सवाल ने काफी परेशान कर रखा होगा 'न्यू ईयर का क्या प्लान है? अगर आप सिंगल है तो आप इस ख़ास दिन को अपने दोस्तों के साथ पार्टी कर के बिता सकते है. लेकिन अगर आप किसी के साथ रिलेशनशिप में है तो ये लाज़मी है की आप इस दिन को अपने पार्टनर के साथ बिताना चाहेंगे. ऐसे में आज हम आपको कुछ रोमांटिक सेक्स टिप्स बताने जा रहे है. जो आपकी 31st की रात को यादगार बना देंगे.


- सबसे पहल तो अपने पार्टनर की इच्छा के बारे में जान लीजिये. अगर वह 31st को सेक्स के लिए राज़ी हो तब ही सेक्स करे. अन्यथा आपकी ये रात भयानक हो सकती है.


- अब इस ख़ास रात के लिए खुद को मानसिक और शारीरक रूप से तैयार करे. ख़ास कर अपने गुप्तांगो की सफाई. इससे आपके सेक्स को एक लगा फ्रेग्रेन्स मिलेगी.


- अब न्यू ईयर सेक्स के लिए एक ऐसी जगह का चुनाव करे जहाँ आप दोनों को कोई डिस्टर्ब ना कर सके.


- अपनी 31st की शुरुवात एक रोमांटिक डेट से करे. सबसे पहले अपने पार्टनर को एक न्यू ईयर गिफ्ट डकार उनका मूड बोस्ट करे. और फिर इस रोमांटिक डेट का एन्ड बेड पर एक यादगार सेक्स के साथ करे.


- अपने 31st के सेक्स को यादगार बनाने के लिए कमरे का माहौल रोमांटिक करे. इसके लिए आप धीमी रौशनी और रोमांटिक मेलोडी सांग्स का इस्तेमाल कर सकते है.


- ऐसी हर चीज़ को ऑफ कर दे आपके रोमांटिक पलों में बढ़ बने जैसे की टीवी,डीवीडी,फ़ोन आदि.


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: क्या आप भी सर्दियों में छोड़ देते हैं एक्सरसाइज







एक्सरसाइज हमारे लिए बहुत जरूरी हैं और ये बात हम सभी जानते हैं लेकिन फिर भी बहुत से लोग एक्सरसाइज से कतराते हैं. ऐसे भी कई लोग होते हैं जो एक्सरसाइज तो करते हैं लेकिन सर्दियों में एक्सरसाइज करना छोड़ देते हैं क्योंकि वो इस मौसम में अपना बिस्तर ही नहीं छोड़ना चाहते.अगर आप ऐसा करते हैं तो यह गलत हैं क्योंकि फिट रहने के लिए हर मौसम में एक्सरसाइज करनी पड़ती है.


सर्दियों में व्यायाम करके तेजी से वजन कम हो जाता हो, लेकिन व्यायाम करना छोड़ना नहीं चाहिए. चाहे मौसम सर्दियों का हो या गर्मीयों का व्यायाम करना हमेशा ही फायदेमंद रहता है. लेकिन सर्दियों में हमारे शरीर को इसकी ज्यादा जरूरत होती है. यहां तक की अगर हम नियमित रुप से व्यायाम करते रहें तो इससे हमारे शरीर की मांसपेशियां ताकतवर हो जाती है और हमारी पाचन शक्ति बढ़ती है. व्यायाम करने के दौरान आप गर्म कपड़े ही पहनें. यहां तक की आपको अपने जूते जुराब भी पहनना चाहिए. व्यायाम के दौरान जब शरीर में उर्जा होती हैं तो उसी से हमें फायदा होता है और हमारी मांसपेशियां मजबूत होती है.


शरीर को वार्मअप करने के लिए कम से कम 10 मिनट का समय अवश्य दें. इससे शरीर सामान्य तापमान पर आ जाएगा. अगर आप वार्मअप के बिना व्यायाम करेंगे तो इससे आपके मांसपेशियों में खिंचाव की समस्या आ सकती है. सर्दियों में ऐसा अधिकतर होता है. अगर हम सर्दियों में पानी कम पीते है तो यह शरीर में दर्द व सूजन को बढ़ा सकती है. हमें यह ध्यान रखना चाहिए कि सर्दियों में ठंडे पानी की जगह गुनगुना पानी ही पिया जाए. पानी उतना ही पिए जितना अन्य मौसम में पीते हैं.


आपका गद्दा भी बन सकता है कई परेशानियों की वजहआपका गद्दा भी बन सकता है कई परेशानियों की वजह







आपने 7 साल पहले कोई गद्दा लिया था तो अब तब उस पर 20 हजार घंटे आप बिता चुके हैं. अगर आपका गद्दा सात साल या उससे पुराना है तो उसे बदल डालिए. गलत गद्दा कमर व गर्दन के दर्द सहित नींद से जुड़ी कई परेशनियों की वजह बनता है.


हम कभी इस बात पर ध्यान ही नहीं देते कि नींद पूरी न होना या गर्दन वगैरा में दर्द की वजह गद्दा भी हो सकता है.


क्या आप जानते हैं कि पसीने, गंदगी और डेड स्किन की वजह से सात साल में आपके गद्दे का वजन करीब दोगुना हो जाता है. इस्तेमाल हुए गद्दे में 1 लाख से लेकर 1 करोड़ तक खटमल, दीमक व अन्य सूक्ष्म कीट हो सकते हैं. यह कीट आपकी डेड स्किन से खाना पाते हैं और एक आदमी एक साल में औसतन 4 किलो डेड स्किन छोड़ता है. खटमल खून चूसते हैं.


उम्र के साथ बॉडी की जरूरत बदलती है. जो गद्दा 25 की उम्र में आपके लिए कंफर्टेबल था वो 35 में नहीं रहेगा. एक बार इस बात पर गौर जरूर करें कि आपका गद्दा आज की जरूरतों को पूरा कर रहा है या नहीं. अगर गद्दा आपको सही सपोर्ट नहीं दे रहा है तो यकीनन आपके शरीर को इसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है.


निशानिंया, गद्दा बदलने का टाइम का आ गया है


1-पूरी रात सोने के बावजूद आप थकान महसूस कर रहे हैं


2-आप अकड़न, जकड़न और दर्द के साथ सो कर उठते हैं


3-किसी और बेड पर आपको अपने बेड के मुबाबले अच्छी नींद आई


4-कई बार गद्दे की शक्ल बता देती है कि उसके जाने का वक्त आ गया है


कैसे पाए पुराने दर्द से छुटकारा






एक टुकड़ा अदरक दिला सकता है एसिडिटी की प्रॉब्लम से छुटकाराएक टुकड़ा अदरक दिला सकता है एसिडिटी की प्रॉब्लम से छुटकारा







बहुत देर तक छींक, आंसू, डकार, प्यास या उल्टी को रोकने से भी गैस बनने लग जाती है. इसके अलावा डर, टेंशन, दुख और गुस्से के चलते भी एसिडिटी हो जाती है. बहरहाल गैस किसी भी वजह से पैदा हुई हो मगर एक बार हो गई तो परेशान बहुत करती है. दवा खाने का ऑप्शन तो आपके पास हमेशा खुला है मगद दवाओं के अपने साइड इफेक्ट होते हैं ये भी आप जानते हैं. और वैसे भी जिनको अक्सर एसिडिटी की प्रॉब्लम हो उनके लिये तो घरेलू इलाज ही ठीक रहता है क्योंकि इनसे लंबा आराम और परमानेंट इलाज मिलता है.


1-खाना खाने के बाद करीब सौ ग्राम छाछ या मट्ठे में 2 ग्राम अजवायन और एक चुटकी काला नमक मिलाकर पीने से गैस बनना बंद हो जाती है.


2-अलसी/तीसी के पत्तों की सब्जी बनाकर खाने से गैस की शिकायत दूर हो जाती है.


3-दो ग्राम अजवायन को आधा ग्राम नमक के साथ चबाकर खायें. अगर एसिडिटी के चलते पेट दर्द हो रहा है तो वो भी ठीक हो जायेगा.


4-गैस परेशान कर रही है तो एक लहसुन की फांक, चार मुनक्के के साथ चबाकर निगल जायें. मुनक्के के बीज निकाल कर यूज करें. आराम मिलेगा .


4-खाना खाने से पहले एक छोटा टुकड़ा अदरक सेंधा नमक के साथ चबा चबाकर खायें. इससे भूख भी खुलकर लगेगी. खाना खाने के बाद भुने हुए पिसे हुए जीरे में जरा सा सेंधा नमक मिलाकर खा लेने से गैस की दिक्कत नहीं होती और खाना भी ठीक से डाइजेस्ट हो जाता है. आप किसी शीशी में जीरा पीसकर और उसमें काला नमक मिलाकर रख लें. जब भी खाना खायें उसे साथ रखें और खाना खत्म होने के बाद थोड़ी सा ये चूरन लेकर उसकी एक घूंट पानी के साथ उसे निगल जायें. खाना खाने के तुरंत बाद पानी नहीं पीना चाहिए इसलिए बस एक दो घूंट की पानी ही पियें.


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: ठण्ड में मौसम में रोज सुबह खाये खीरठण्ड में मौसम में रोज सुबह खाये खीर





ठण्ड के मौसम में पित्त बढ़ जाता है इसलिए हमें ऐसी चीजें नहीं खानी चाहिए जिनसे बॉडी में एसिड बने. लहसुन, बैंगन, करेला, सौंफ, काली मिर्च, हींग, सरसों का तेल, उड़द की दाल, कढ़ी वगैरा से परहेज करें. इस मौसम में छाछ-मट्ठे भी परहेज करना चाहिए. आपको ज्यादा गर्म तासीर वाले, कड़वे और चटपटे खाने से थोड़ा बचकर रहना है.


1-इस मौसम में तो खाने पीने को बहुत कुछ है. कोशिश करें ऐसी चीजें खाने की जिनसे पित्त शांत रहे. गेहूं, जौ, ज्वार, मसूर व मूंग की दाल, सेम, गाय का दूध, मक्खन, घी, मलाई, श्रीखंड वगैरा ले सकते हैं.


2-सब्जियों में चौलाई, बथुआ, लौकी, तोरी, पालक, परवल, सोया, फूलगोभी, कुंदरू को शौक से बनायें और खायें. इसी तरह से फलों में आप सेब, अनार, केला, आंवला, मुनक्का, सिंघाड़ा वगैरा खा सकते हैं.


3-सुबह के वक्त खीर खाना अच्छा रहता है. घी भी खाना चाहिए क्योंकि घी में पित्त को शांत करने की काबलियत होती है. हरड़ का इस्तेमाल भी इस मौसम में बहुत अच्छा माना जाता है.


4-आप हरड़ को शहद या गुड़ या मिश्री के साथ खा सकते हैं. पुरानी किताबें कहती हैं कि इस मौसम में रात के वक्त चांदनी में रखा गये पानी में अमृत के गुण आ जाते हैं. इस पानी को हंसोदक या अंशदूक कहते हैं. इस पानी को पीने से बहुत फायदा होता है.


5-इस मौसम में रात को हल्का खाना ही खाना चाहिए

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