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मर्दो के कुछ गलत आदते जो करते है सेक्स के दौरान


जानिए मर्दो के कुछ गलत आदते जो करते है सेक्स के दौरान


जानिए मर्दो के कुछ गलत आदते जो करते है सेक्स के दौरान


सेक्स को एन्जॉय करना सभी को पसंद होता है | यह पार्टनर की कामांगों को शांत करता है और एक अद्भुत आनंद का वर्णन कराता है | सेक्स के द्वारा आदमी एक तनावमुक्ति जीवन का भागीदार हो सकता है | इसके लिए यह जरूरी हो जाता है कि बेड में आपका पार्टनर और आप अपने पार्टनर के साथ किस तरह से पेश आ रहे हैं | कई बार सेक्स के दौरान पुरुष कई ऐसी गलतियाँ कर देते हैं जो महिला को अच्छी नहीं लगती | आज हम इसी के बारे में चर्चा करेंगे |
अक्सर शांत रहना
सेक्स के दौरान अक्सर शांत रहना लडकियों को पसंद नहीं है, हर लडकियाँ यह पसंद करती हैं कि उसका पार्टनर उससे प्यार भरी बाते करे ताकि वो एक अच्छे सेक्स का आनन्द उठा सके और बोर न हो | लेकिन कई लड़के सेक्स के दौरान सिर्फ सेक्स क्रिया ही करते हैं जो लडकियों को unattractive लगती है



सेक्स मशीन बन जाना
कई बार लडके सेक्स करते समय सेक्स मशीन बन जाते है, और तेजी से सेक्स करने लगते हैं जिससे लड़कियों को कई प्रकार की सेक्स संबंधी समस्याओं से गुजरना पड़ सकता है | तेजी से सेक्स करना लड़कियों को सेक्स करते समय अच्छा नहीं लगता है


लड़की का खयाल न रखना
यह बात लड़कियों को सबसे बुरी लगती है की उनका पार्टनर सेक्स के समय बस उसके फायदे और अच्छे अहसास को देखता है | उसका लडकी के स्वास्थ्य से किसी भी प्रकार का सम्बन्ध नहीं रहता | अपने यौन सुख को एक उंचाई तक ले जाने के खातिर लड़के अक्सर लड़कियों के ऊपर दबाव डालते हैं कि लडकी उसके सुख के खातिर उसके हिसाब से सेक्स करे | ऐसे लड़कों में सेक्स के आंगे सहानुभूति की भावना दब जाती है जिसे लड़कियों बिलकुल भी पसंद नहीं करती है


एक ही अंग में दबाव
कुछ लड़के ऐसे स्वभाव के होते हैं जो सिर्फ लडकी के जनानांगो पर ध्यान देते है | उन्हें लडकी की पूरे शरीर से किसी भी प्रकार का मतलब नहीं होता है | ऐसे में वो तो काफी अच्छा सुख झेल लेते हैं | लेकिन, लडकियाँ orgasm को प्राप्त नहीं हो पाती हैं जो उन्हें पसंद नहीं है | इसलिए आप महिला के जनानागों बस में अपनी दृष्टि न बनाए | बल्कि, उसके शरीर के सभी कामुक अंग को टच करें जो उसके कामुकता को बढाने में मदद करेगी


कंडोम का इस्तेमाल करना
सेफ सेक्स के तौर पर कंडोम का इस्तेमाल करना उचित है | लेकिन, फ्री सेक्स करने का कुछ अलग ही मजा होता है जो महिला को उनके चरम सीमा तक पहुंचा देता है | कई लड़के अपने साथी के साथ अक्सर कंडोम का इस्तेमाल करते हैं जिससे उनके सेक्स सम्बन्ध का मजा किरकिरा हो जाता है | यह लड़कियों को बिलकुल भी पसंद नहीं होता की सेक्स के दौरान वो सेक्स का अच्छी तरह से मजा न ले पाए


एक्स के साथ सेक्स कितना सुखाद या सही है




एक्स के साथ सेक्स कितना सुखाद या सही है

सेक्स को लेकर हो रहे तरह तरह के वैचारिक और समाज बदलाव के चलते आज लोग इसके बारे में खुलेतौर पर बात करने लगे है| कई सारे बड़े बड़े लोग अपने टीवी इंटरव्यू में सेक्स को लेकर अपनी धारणाएं और इक्षाएं जाहिर कर चुके है जो कही ना कही बहुत अच्छी बात है| अब एक बात और सामने आई है की लड़के और लड़कियां सबसे अधिक अपने एक्स के साथ यानी की पूर्व गर्लफ्रेंड या बॉयफ्रेंड के साथ सेक्स करने की तीव्र इक्षा रखते है| ऐसे में ये कितना सही या अगलत या कितना सुखदायक है| आइये जानते है-
क्या कहता है शोध-

दिल्ली के यूयूब चैनल ने अभी हाल ही में गोवा में एक सर्वे किया| इसमें लोगो से उनकी सेक्स फैंटसी पूछी गई| की कैसे वो सेक्स करना पसंद करना करते है, उनकी फेवरेट पोजीशन क्या है या फिर कौन सी सेक्स की सबसे अधिक इक्षा है| इसमें सबसे अधिक जो बात निकल कर आई वो ये थी की लड़के और लड़कियां अपने एक्स के साथ सेक्स करने की अधिक इक्षा रखते है| उनका कहना था की वो अपने पहले के पुरुष या महिला मित्र के साथ सेक्स करना चाहती/चाहते है| कुछ लड़कियों का कहना था की वो अपने वर्तमान बॉयफ्रेंड और पुराने बॉयफ्रेंड के साथ एक साथ सेक्स करना चाहती है| ऐसे में ये कितना सही होता है और आखिर इसकी वजह क्या है| इस वजह से एक्स के साथ आपका सेक्स करने का मन करता है-



अलगाव का दुःख

हर किसी के मन में अपने पार्टनर से अलग हो जाने का दुःख होता है| ऐसे में कही ना कही उन्हें लगता है की बहुत सी बाते है जो उनसे कहनी चहिये और मन में कई सारी इक्षाएं अधूरी रह जाती है| इन्ही सब के चलते एक्स के प्रति आकर्षण और अधिक बढने लगता है और उनके साथ सेक्स की इक्षा होने लगती है|

अधिक सुंदर दिखना

ये लगभग सब कहते है की ब्रेकअप हो जाने के बाद आपका पार्टनर आपको पहले से कही अधिक सुंदर दिखने लगता है| आपको उनकी बाते और एक्टिविटीज पहले से अधिक आकर्षित करने लगती है जिसकी वजह से आप उनके साथ सेक्स करनी की चाहत रखते है|

कितना सही-

ये कितना सही है या गलत इस बार में कुछ नहीं कहा जा सकता है| क्योकि सेक्स एक स्वतंत्र अभिव्यक्ति के अंतर्गत आता है| इस दौरान आप जिससे चाहे उससे सेक्स कर सकते है और जितना चाहे उतना कर सकते है अगर सामने वाला तैयार है तो| एक तरीके से ये सही है क्योकि अगर आपके बीच किसी ऐसी बात को लेकर मनमुटाव हो गया था जिसकी कोई वजह नहीं तो आप फिर से करीब आने लग जाते है| इसके अलावा एक वजह और की आप दोनों एक दूसरे से अच्छी तरह से फिर मिल लेते है|

इसका नुकसान सीधा आपकी पर्सनल जिन्दगी में होता है| यानी की आपका वर्तमान का रिश्ता खत्म हो जाता है| वही आप आवेश में आकर सेक्स कर लेते है लेकिन बाद आपको ये गलत लगता है|
पहली बार सेक्स के दौरान लडको को भी होती है ब्लीडिंग


पहली बार सेक्स के दौरान लडको को भी होती है ब्लीडिंग

सेक्स एक सामान्य विधा है जैसे की हमारे रोजना के काम खाना सोना आदि होते है| सेक्स को हमारे समाज में आज भी इस तरह से देखा जाता है की जैसे हमने कोई पाप कर दिया हो| माना जाता है की लड़के और लड़की की कौमार्यता उसकी शादी में ही भंग होनी चहिये| कुछ लोगो को लगता है की वरजिनिटी केवल लड़कियों में होती है जबकि ऐसा नहीं है| लड़के भी वर्जिन होते है और पहली बार सेक्स के दौरान उन्हें भी दर्द होता है-

निकलता है खून-

जब कोई लड़का पहली बार सेक्स करता है और अगर उसने अच्छे से सेक्स किया है यानी की उसका लिंग महिला के यूट्रस तक आसानी से गया है तो उसकी वरजिनिटी भंग होती है| इस दौरान लडको के लिंग से खून भी निकलता है और उन्हें दर्द भी होता है| जिस तरह से लड़कियों को पहली बार सेक्स करते समय दर्द होता है और उनकी वरजिनिटी भंग होती है वैसे ही लडको के साथ भी ऐसा ही होता है| जब कोई लड़का पहली बार सेक्स करता है तो उसके लिंग का वो हिस्सा जहाँ से वीर्य निकलता है उसमे दवाब पड़ता है और उनकी वरजिनिटी भी ब्रेक होती है| ऐसे में पता चलता है की लड़का वर्जिन है| यही लडको की पहली बार सेक्स की निशानी होती है| आपने देखा होगा या सूना होगा की पहली बार सेक्स के दौरान लड़कियों को दर्द होता है और उनके योनी से खून निकलता है और ऐसा ही लडको के साथ भी होता है|


कुछ और सवाल भी आते है मन में-
पहली बार सेक्स के दौरान लडको की केवल वरजिनिटी भंग नही होती बल्कि इसके साथ उनके मन में कई सवाल भी चलते है| जैसे की झिझक होती है| सेक्स को लेकर शर्म और झिझक केवल लडकियो में नहीं बल्कि लडको में भी होती है जो साफ़ तौर पर कह सकते है| लेकिन वो लड़की से नहीं कहते क्योकि कही ना कही उनकी मर्दानगी पर शक करने लग जायेगी| उन्हें भी झिझक होती है की कैसे होगा, सही से करूँ, इस लड़की को पूरी तरह से संतुष्ट कर दू आदि आदि| जिस तरह से लड़कियां पहली बार सेक्स करने से पहले या सेक्स करने के दौरान अपने मन में हजारो विचार रखती है उसी तरह से लड़का भी अपने मन में लगातार आशंकित रहता है और तरह तरह के सवाल करता रहता है जो कही ना कही जायज होते है|

लडको के लिंग से खून निकलना कितना सही-

ये पूरी तरह से सही है| इसका एक अर्थ और है की लड़के का लिंग पूरी तरह से लड़की के सम्पर्क में गया है| आप सामान्य भाषा में इसे ही सम्पूर्ण सेक्स का आनंद कहते है| ये बात समझने वाली है की ऐसा होना आम बात है और यह सही भी है| जब लड़कियों की वरजिनिटी को लेकर सवाल करते है और उनसे पूछते है तो लडको के बारे में बात क्यों नहीं की जाती है| ये पूरी तरह से सही है और इसके बारे में लड़के जानते नहीं है|



सेक्स ही नहीं चरमसुख का भी रखी ध्यान


सेक्स ही नहीं चरमसुख का भी रखी ध्यान

सेक्स एक ऐसी विधा है जिसके बाद इंसान का दिमाग और शरीर पूरी तरह से सुकून की ओर चला जाता है| इसके बाद शरीर से कई सारे ऐसे हारमोन रिलीज होते है जो मानसिक सुख देते है| लेकिन ये तब होता है जब आप सेक्स नहीं चरमसुख की प्राप्ति करे| चरमसुख यानी की दोनों सेक्सुअली संतुष्ट हो और ये भाव उनके आँखों में झलके| आज के समय में बहुत सारे लोग ऐसा नहीं कर पाते है|


चरमसुख क्या होता है-

चरमसुख एक ऐसी अवस्था होती है जिस दौरान आपको उस चीज का सबसे अधिक सुख यानी की जिस वजह से वो काम किया जा रहा है उस काम के सुख का सबसे बड़ा लेवल प्राप्त हो| ऐसे ही सेक्स में होता है| सेक्स करने के बाद पार्टनर अगर एक दूसरे को संतुष्टि की निगाहों से देखे और अब उन्हें काफी देर तक सेक्स करने का मन ना करे तो आप समझ की सेक्स का सम्पूर्ण आनंद मिल गया है और इसका उद्देश्य पूरा हो गया है और इसी को चरमसुख कहा जाता है| लेकिन आज के समय में बहुत कम लोगो को इसकी प्राप्ति होती है जिसकी कई सारी वजहे होती है-

जल्द्वाजी

सेक्स जल्द्वाजी का काम नहीं है और अगर आप ऐसा करते है तो इसके कई सारे नुकसान भी है| जब आप इसीलिए सेक्स करते है की थोडा सा समय बचा है जल्दी से कर लेते है तो आपको केवल थकान होती है और सुख की प्राप्ति नही होती है| इसीलिए एक हफ्ते में करे लेकिन तभी करे जब आपके पास पूरा समय हो और पूरी प्रोसेस के तहत करे| ऐसा करने से आपको चरमसुख की प्राप्ति अवश्य होगी|


औपचारिकता

जब सेक्स एक औपचरिकता बन जाता है यानी की सेक्स करना है क्योकि पार्टनर की मांग है या मन कर रहा है| तो ऐसे में आपको चरमसुख की प्राप्ति नही होती है| सेक्स कोई काम नहीं है ये एक ऐसी कला है जिसमे आपको बहुत सारी बातों का ध्यान रखना पड़ता है और आपको इसके लिए तत्पर रखना पड़ता है|

अधूरा ज्ञान

अगर आपको या आपके पार्टनर को सेक्स के बारे या इसे कैसे करते है इस बारे में अधिक जानकारी नहीं है तो आपको सेक्स का चरमसुख प्राप्त नही हो सकता है| इसके लिए आपको पता होना चहिये की सेक्स कहा से शुरू करना है और कब खत्म करना है| अगर आप इन चीजो की जानकारी नहीं रखते है तो आप चरमसुख की अपेक्षा ना करे|

दोनों पक्षों का तैयार ना होना

सेक्स अकेले का काम नहीं होता है| इसमें आपको पार्टनर की जरूरत पड़ती है| जब आप सेक्स के लिए तैयार होते है लेकिन आपक पार्टनर इसके लिए तैयार नहीं होता है तो आपको चरमसुख नहीं मिल सकता है| इसमें दोनों का तैयार होना और सेक्स का मन होना बहुत आवश्यक है और ऐसा करके आप खुद को भी संतुष्ट कर सकते है| इसीलिए सेक्स से पहले पार्टनर का मूड बनाये और धीरे धीरे शुरू करते हुए चरमसुख तक पहुचे जो इसकी असली वजह है|

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