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कंडोम को निकालने का सही तरीका –


कंडोम को निकालने का सही तरीका – 
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Proper way to take off a condom in hindi कंडोम को निकालने का सही तरीका क्या है, कंडोम कैसे निकालें, पुरुष कंडोम (male Condom) को निकालना, महिला कंडोम (Female Condom) को निकालना बर्थ कंट्रोल से लेकर कई सेक्सुअल डिजीज (STDs)को रोकने के लिए कंडोम का इस्तेमाल किया जाता है। सेक्स के दौरान इस्तेमाल किया जाने वाला कंडोम को अगर सही तरीके से नहीं निकाला गया तो परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। कंडोम को उपयोग के बाद इसे सही तरीके से निकालना भी आवश्यक है कंडोम को बहुत ही आसानी से निकाला जा सकता है।

आमतौर पर स्खलन के तुरंत बाद लिंग नरम पड़ जाता है जिससे कंडोम योनि में ही छूट जाने का खतरा रहता है या फिर स्पर्म कंडोम से बाहर आ सकता है। ऐसे में आपको बहुत ही सावधानी के साथ ही इसे निकालना चाहिए। आइए जानते है कि कंडोम को किस प्रकार सुरक्षित तरीके से निकाला जा सकता है।

1. कंडोम के इस्तेमाल में सावधानियां – Precautions in the use of condom in hindi
2. पुरुष कंडोम को निकालने का तरीका – Remove male condom in hindi
3. महिला कंडोम को निकालने का तरीका – How to remove female condom in hindi
4. क्‍या करें जब कंडोम योनि के अंदर फंस जाए – What To Do When A Condom Gets Stuck Inside Vagina in hindi
कंडोम के इस्तेमाल में सावधानियां – Precautions in the use of a condom in hindi


कंडोम गर्भावस्था और यौन संचारित संक्रमणों (STIs) को रोकने में मदद कर सकता है । इसके लिए कंडोम का सही तरीका से इस्तेमाल करना होगा। कंडोम को ठंडी और ड्राई जगह पर रखे। इसे पॉकेट या फिर पर्स में नहीं रखे क्योंकि गर्मी से कंडोम खराब हो सकता है। वही हर बार सेक्स के लिए नया कंडोम का इस्तेमाल करना चाहिए। इस बात का भी ध्यान रखना चाहिए कि ऐसे कंडोम का इस्तेमाल न करें चाहिए जो एक्सपायर हो गया हो। सुरक्षित सेक्स के लिए कंडोम का इस्तेमाल करना आपको और आपके साथी को यौन संचारित संक्रमण (एसटीआई) और अनियोजित गर्भधारण से बचा सकता है। सुरक्षित सेक्स न केवल कंडोम को ठीक से लगाने बल्कि उसे अच्छे से निकालने पर भी निर्भर करता है। (
पुरुष कंडोम को निकालने का तरीका – Remove male condom in hindi


पैनिस (लिंग) को नरम होने से पहले कंडोम निकाले – सेक्स के बाद अपने लिंग से कंडोम तुरंत निकाल दें। कई बार ऐसा होता है कि सेक्स के बाद लिंग नरम पड़ जाता है ऐसे में योनि के अंदर ही कंडोम रह जाने का खतरा रहा है।

कंडोम के रिंग को पकड़ कर निकाले – सेक्स के बाद अपने लिंग को फर्श के समानांतर रखें या फिर एक हाथ से नीचे के तरफ लिंग को करें फिर दूसरे हाथ ही कंडोम के रिंग को पकड़े और धीरे-धीरे कंडोम को उतारने की कोशिश करें।

सही तरीके से कंडोम को रोल करके निकाले – सेक्स के बाद कंडोम को नीचे की तरफ रोल करके निकाले। कभी भी कंडोम को सीधा खींच कर निकालने की कोशिश न करें।

कंडोम में छेद का ख्याल रखे – सेक्स के दौरान अगर कंडोम में छेद हो जाता है तो इसका विशेष ख्याल रखना होगा। बर्थ कंट्रोल के लिए आपातकालीन गर्भनिरोधक गोली का इस्तेमाल करना होगा। जो शारीरिक संबंध बनाने के 72 घंटे तक ली जा सकतीं है इसके अलावा, आपको या आपके साथी को एसटीआई परीक्षण करवाने की आवश्यकता हो सकती है।

कंडोम को कहां फेंके– कंडोम को इस्तेमाल करने के बाद इसे कूड़ेदान में फेक देना चाहिए। कभी भी कंडोम को टॉयलेट में नहीं फेंके। आप चाहे तो कंडोम को मुंह पर एक गांठ बांध दे जिससे स्पर्म बाहर नहीं आ सके। इसके बाद टिशू पेपर में इसे लपेट कर कचरे के डब्बा में डाल दें।

कोंडोम निकालने के बाद हाथों को धो ले – कंडोम हटाने के बाद, गर्म पानी से अपना हाथ धो लें । हाथ धोने के लिए लिक्विड साबुन का यूज करें। अगर आपके साथी ने आपके वीर्य से संपर्क किया है, तो उन्हें भी अपने हाथों को भी धोने के लिए कहें।
महिला कंडोम को निकालने का तरीका – How to remove female condom in hindi


महिला कंडोम को निकालने के लिए खड़ें नहीं होना चाहिए। खड़े होने से द्रव शरीर के ऊपर आ सकता है। आप कंडोम को लेटे हुए ही निकालने की कोशिश करें।

कंडोम को बाथरूम में नहीं फेके बल्कि कचरे के डिब्बे में लपेट कर रख दे। यदि कोई कचरे का डिब्बा उपलब्ध नहीं है, तो इसके चारों ओर एक टिशू पेपर लपेटें और इसे प्लास्टिक बैग में रखें।

महिला कंडोम को निकालने के बाद अपने हाथों को साफ करें। इसके लिए गर्म पानी और साबुन का इस्तेमाल करें। यदि ये उत्पाद उपलब्ध नहीं हैं, तो एक हाथ सेनेटरीजर का उपयोग करें।

कंडोम को दोबारा उपयोग नहीं करें।


क्‍या करें जब कंडोम योनि के अंदर फंस जाए – What To Do When A Condom Gets Stuck Inside Vagina in Hindi


यह एक दुर्लभ घटना है, इसलिए इसलिए इसके होने की संभावना कम होती है लेकिन, अगर ऐसा होता है, तो घबराएँ नहीं, आराम से अपनी योनि के अंदर एक या दो अंगुलियों को डालें और इसे बाहर खींचने का प्रयास करें इसके लिए आपके नाखून (या उसके जो उसे निकल रहा है) बढ़े नहीं होने चाहिए क्योंकि वेजाइना के ऊतक नाजुक होते है जिसमे आसानी से खरोंच आ सकती है। यदि आपको कंडोम का पता लगाने में परेशानी हो रही है, तो चिंता न करें; यह आपके शरीर में खो नहीं सकता है संभावना है, यह आपकी गर्भाशय ग्रीवा के पास अपनी योनि नलिका के शीर्ष पर पहुँच गया हो है।

इस क्षेत्र को बेहतर ढंग से एक्सेस करने के लिए, अपने पैरो के साथ फर्श पर सपाट तरीके से बैठ जाए और नीचे से उसको निकलने की कोशिश करें, या एक कुर्सी पर एक पैर को रखकर और अपनी उंगलियों से इसे बाहर निकलने का प्रयास करेंयदि आप अभी भी इसे बाहर नहीं निकाल पा रहीं हैं, तो सहायता के लिए गायनोकोलॉजिस्‍ट के पास जाएं। कुछ घंटों से अधिक के लिए आपके अंदर कंडोम रखने से जीवाणुओं का निर्माण हो सकता है, जिससे संक्रमण होने का खतरा रहता है।


क्या आप जानते है कंडोम का सही इस्तेमाल? अगर नहीं तो ये खबर आपके लिए है!




कंडोम का प्रयोग अब आम हो गया है पर इसका सही तरीके से इस्तेमाल करना बहुत ही जरुरी होता है जादातर लोग कंडोम का सही इस्तमाल जाने बगैर ही इसको यूज़ करना शुरू कर देते है आमतौर पर लोग कंडोम का प्रयोग अनचाहे गर्भ से छुटकारा पाने के लिए करते हैं, यानि कि यह एक गर्भनिरोधक का तरीका है। लेकिन, अब बात यह आती है कि क्या क्या कंडोम का प्रयोग सुरक्षित है या नहीं। तो ऐसे में यही कहा जायेगा कि इसका प्रयोग सुरक्षित माना जाता है|

लेकिन, कुछ मामलों में यह आपको अनचाहे गर्भ से छुटकारा नहीं दिलाता है। इस्‍तेमाल से पहले एक बार कंडोम की सील और एक्‍सपायरी डेट की पुष्टि कर लें। इसे अपनी जेब, कार अथवा पर्स में ज्‍यादा लंबे समय तक न रखें। कंडोम को ठंडे और सूखे स्‍थान पर रखना चाहिए। एक कंडोम को केवल एक ही बार इस्‍तेमाल करना चाहिए। कंडोम के पैकेट को मुंह या नाखूनों से न खोलें। क्षतिग्रस्‍त कंडोम इस्‍तेमाल न करें।
कंडोम के इस्तेमाल के लाभ Benefits of use condom in hindi


देखा जाए तो इसके लाभ बहुत हैं, जो निम्न हैं-
अनचाहे गर्भ से छुटकारा Get rid of unwanted pregnancy in hindi


कंडोम का प्रयोग लोग सबसे पहले अनचाहे गर्भ से छुटकारा पाने के लिए करते हैं। क्योंकि, जो लोग बच्चे की चाहत नहीं रखते हैं वह इसका प्रयोग करते हैं। क्योंकि, गर्भनिरोधक में यह सबसे सेफ माना जाता है।
यौन संक्रमण से बचाव Prevention of Sexual Infection in hindi

कंडोम का इस्तेमाल जहाँ एक ओर अनचाहे गर्भ से छुटकारा दिलाता है, वहीं दूसरी ओर यौन संक्रमण से भी सुरक्षा करता है। जैसे कि- एड्स, STD या अन्य संक्रामक बिमारियों के तौर पर। क्योंकि, यदि आप दोनों में सी किसी को भी कोई संक्रामक बीमारी है तो सेक्स के दौरान आसानी से फैलते हैं। इसलिए, सेक्स के दौरान कंडोम का प्रयोग सुरक्षित माना जाता है।[
सस्ता और आसान गर्भ निरोधक Cheap and easy contraceptives in hindi

यह सबसे सस्ता और आसान गर्भनिरोधक होता है, अगर आप किसी दवा का सेवन करती हैं या फिर कोई कॉपर टी और वेजाइनल रिंग लगवाती हैं तो इससे आपके स्वास्थ्य को नुकसान पहुँच सकता है। क्योंकि, इसके प्रयोग से आपको योनिस्राव जैसी समस्या भी देखने को मिल सकती है। इसलिए, इन मामलों में इसका प्रयोग सबसे आसान और सुरक्षित माना जाता है।
कंडोम के इस्तमाल से होने वाली परेशानियाँ – Troubles caused by use condom in hindi


अगर आप कंडोम का प्रयोग सावधानी से नहीं करते हैं तब आपके लिए निम्न परेशानियाँ उत्पन्न हो सकती हैं, जो निम्न हैं-
कंडोम के फटने का खतरा – Risk of condom break in hindi

कभी-कभी जब आप सेक्स कर रहे होते हैं तब आपको इसके फटने का पता बिल्कुल भी नहीं चलता है। जिससे कि आप प्रेग्नेंट भी हो सकती हैं। या फिर, कभी-कभी इसमें छेद भी होता है जो आपको गर्भवती बनाने के लिए काफी होता है। इसलिए इसका प्रयोग करते समय इन सब बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। साथ ही, ज्यादा टाइट condom को पहनने से बचें।
कंडोम के इस्तमाल से सेक्स को अच्छे से एन्जॉय न कर पाना – Do not enjoy sex with use condom in hindi

लोगों का ऐसा मानना है कि इसके प्रयोग से सेक्स में जो रुचि होनी चाहिए वो नहीं मिल पाती है। इसलिए, लोग इसके प्रयोग से घबराते हैं, खासकर युवा वर्ग इसका प्रयोग नहीं करना चाहते हैं।
एलर्जी की समस्या का होना – Allergy problem in hindi


कुछ लोगों को इससे एलर्जी की समस्या होने लगती है, क्योंकि, जिन लोगों को यह सूट नहीं करता है तो इससे सेक्स के दौरान खुजली होने लगती है। अतः आप को अगर एसा कुछ हो तो आप जल्दी से उसे निकल दे और कोई दूसरा विकल्प ढूढ़े

हालाँकि, इन सब के बावजूद लोगों को सेक्स करेंने से पहले इसका प्रयोग किया जाना चाहिए ताकि यौन संबंधित संक्रमण से बचा जा सके, और साथ ही सुरक्षित सेक्स का आनंद भी उठा सकें।
कंडोम का उपयोग कैसे करते है How to use condom in hindi
पुरुष कंडोम कैसे पहने – How to wear a male condom in Hindi
पैकेट को दांतेदार किनारे से ध्यान से फाड़ें। कण्डोम लचीला होता है अतः वह आसानी से नहीं फटेगा। पर पैकेट सावधानी से फाड़ें और अपने दाँत या किसी धारीदार चीज़ जैसे कैंची का प्रयोग न करें। यदि कण्डोम के पैकेट को किसी प्रकार का नुकसान पहुँचा हो या उसके उपयोग की तिथि निकल गयी हो तो उसे इस्तेमाल न करें।

देखें की condom किस ओर खुल रहा है। यदि उलटी तरफ़ से चढ़ाने की कोशिश करेंगें तो वह लिंग पर नहीं चढ़ेगा। यदि गलती से कण्डोम को उलटी तरफ़ से चढ़ाया हो तो उसे फेंक कर दूसरे कण्डोम का इस्तेमाल करें।
कण्डोम के सिरे को उंगलियों के बीच दबाकर हवा निकाल दें जिससे वीर्य इकट्ठा होने के लिए स्थान बन सके। यह वह सिरा है जो एक निप्पल के जैसा दिखता है।
कण्डोम के सिरे को पकड़े रखकर उसे धीरे से तने हुए लिंग पर चढ़ा लें।
महिला कंडोम कैसे पहने – How to wear a female condom in hindi

कंडोम पहनने के बाद कई भारतीय महिलाओं को उनका पहला ओर्गास्म (चरम आनंद) प्राप्त हुआ।
अंदर कि रिंग को दबाइये (छोटी वाली), ताकि उनके कोने एक दूसरे को छू सके।
अंदर कि रिंग को धकेलिए जहाँ तक वो जा सके और बड़ी रिंग को बाहर कि तरफ रखिये।
अपने साथी एक लिंग को बाहरी रिंग कि तरफ घुसने में मदद करिये।
सेक्स समाप्ति के बाद, कंडोम को तीन बार मरोड़िए, और बाहर कि तरफ खीच कर निकालिये।




60 सैकेंड में जानिए फीमेल कंडोम का उपयोग और उससे जुड़े 10 fact के बारे में- 



फीमेल कंडोम एक रेग्‍युलर डिवाइस होता है जिसे महिलाएं सेक्‍स के दौरान इस्‍तेमाल करती हैं। फीमेल कंडोम का उपयोग महिलाओं में गर्भ निरोधक की तरह काम करता है और एसटीडी और अनचाहे गर्भ के खतरे से छुटकारा दिलाता है। रेग्‍युलर कंडोम और फीमेल कंडोम(female condom) में बस एक यही फर्क है कि इसे महिलाएं पुरुषों की तरह बाहर नहीं बल्कि अंदर पहनती हैं। फीमेल कंडोम का उपयोग योनि के बीच वीर्य के स्‍खलन को अवरूद्ध कर देता है और इससे गर्भधारण नहीं होता है।
ऐसी होती है फीमेल कंडोम की बनावट – shape of female condom in hindi

ये एक पतली और मुलायम से ढीली फिट होने वाले खोल की तरह होता है जिसके दोनों और रिंग होती है और ये अलग- अलग साइज़ में भी आता है। इस डिवाइस का सही तरीके से कार्य करना इसके साइज़ पर निर्भर करता है। इसमें से एक रिंग को वजाइना के अंदर फिट किया जाता है और ये संभोग के दौरान गर्भ ठहरने से बचाती है जबकि दूसरी रिंग बाहर रहती है।
लैटेक्‍स से बना होता है ये कंडोम – The condom is made of latex in hindi

female condom पॉलीयूथरेन से बनी हो ती हैं और इन्‍हें नैचुरल लैटेक्‍स से बनाया जाता है। पुरुषों की कंडोम भी इसी से बनती है। भारत में ये कई ब्रांड के नाम से बिकती है! रेग्‍युलर मेल कंडोम की तुलना में फीमेल कंडोम एसटीडी जैसी बीमारियों से बचाने में ज्‍यादा कारगर साबित हुई है। (
फीमेल कंडोम नहीं है महिलाएं की पसंद – Female condom is not the choice of women in hindi

इन सब फायदों के बावजूद फीमेल कंडोम बहुत कम बिकती हैं, खासकर विकासशील देशों में इसकी बिक्री बहुत कम है। हालांकि, परिवार नियोजन गतिविधियों के साथ-साथ भारत जैसे विकासशील देशों में इसे कार्यान्वित करना सफल रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि अधिक कीमत और इसे लगाने के तरीके के थोड़े कठिन होने के कारण इसकी बिक्री कम होती है।

फीमेल कंडोम एक लुब्रिकेटेड पाउच होता है जिसे योनि के अंदर डाला जाता है ताकि आपकी सेक्स लाइफ, संबंध और स्वास्थ्य नियंत्रित रहे। आइये female condom के 10 fact के बारे में जानें ताकि आप सेक्स लाइफ फुल इंजॉय कर सके 
फीमेल कंडोम से जुड़े 10 fact – 10 facts related to Female condom in hindi
फैक्ट 1

फीमेल कंडोम स्पर्म को कंडोम के अन्दर और योनि के बाहर रखता है। कंडोम के प्रत्येक सिरे पर एक नरम रिंग होता है (ताकि कंडोम अपनी जगह पर बना रहे), जो योनि या गुदा के अन्दर के भाग को ढँक कर रखता है ताकि स्पर्म बाहर ही रहे। यह जानने के लिए कि female condom को किस तरह अंदर डाला जाता है, यहाँ देखें।

फैक्ट 2
साधारणत: फीमेल कंडोम 75-82% सुरक्षा प्रदान करते हैं और यदि हमेशा इसका सही उपयोग किया जाए तो फीमेल कंडोम 95% तक प्रभावी होते हैं।
फैक्ट 3

कंडोम को सेक्स करने के आठ घंटे पहले योनि में डाला जा सकता है और हर बार सेक्स करने से पहले नया कंडोम डालना चाहिए। फीमेल कंडोम को मासिक धर्म या गर्भावस्था के समय (या बच्चे के जन्म के बाद) भी उपयोग में लाया जा सकता है। (

फैक्ट 4
कुछ महिलाओं में फीमेल कंडोम के उपयोग के कारण योनि, वुल्वा, पेनिस या गुदा में जलन हो सकती है। इससे संभोग का आनंद भी कम हो सकता है या सेक्स करते समय कंडोम योनि में या गुदा में अंदर जा सकता है।

फैक्ट 5
फीमेल कंडोम निट्रील (एक कृत्रिम रबर जो बीमारियों से रक्षा करता है और उन लोगों के लिए अच्छा विकल्प है जिन्हें लेटेक्स की एलर्जी होती है) से बना होता है और यह स्थानीय मेडिकल दुकानों, सुपरमार्केट या परिवार नियोजन केन्द्रों में उपलब्ध होता है।
फैक्ट 6
फीमेल कंडोम का उपयोग करने के लिए किसी प्रिस्क्रिप्शन (डॉक्टर का पर्चा) की आवश्यकता नहीं होती।
फैक्ट 7
female condom का उपयोग ऑइल बेस या वॉटर बेस लुब्रिकेंट्स दोनों के साथ किया जा सकता है। यदि सेक्स के दौरान कंडोम टूट/लीक/बाहर आ जाता है तो पांच दिनों तक इमरजेंसी कॉन्ट्रासेप्शन पिल्स लें। आपको यह सलाह भी दी जाती है कि आप यौन संबंधों से होने वाले संक्रमण की जांच भी करवा लें।
फैक्ट 8
सेक्स के दौरान फीमेल कंडोम का उपयोग करना आसान और सुरक्षित होता है।

फैक्ट 9

जन्म नियंत्रण करने वाली गोलियों की तरह फीमेल कंडोम का भी महिलाओं के प्राकृतिक हार्मोन्स पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता। कृपया ध्यान दें: अधिक सावधानी के लिए जन्म नियंत्रण की गोलियों के साथ भी कंडोम का उपयोग किया जा सकता है।
फैक्ट 10

आवश्यक नहीं है कि आप मेल और female condom एक समय में ही उपयोग करें क्योंकि ऐसा करने से दोनों कंडोम्स के फट जाने या टूटने का खतरा रहता है।

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